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इलाज के बाद भी परेशान करते हैं चिकनगुनिया के कुछ लक्षण, ठीक होने में लगते हैं कई साल

चिकनगुनिया मच्छरों के कारण फैलने वाला वायरस है, जिसका शुरुआती लक्षण बुखार है। मगर चिकनगुनिया होने पर व्यक्ति में इलाज के बाद लंबे समय तक कुछ लक्षण दिखते रहते हैं, जिन्हें ठीक होने में कई साल लग सकते हैं।
इलाज के बाद भी परेशान करते हैं चिकनगुनिया के कुछ लक्षण, ठीक होने में लगते हैं कई सालइलाज के बाद भी परेशान करते हैं चिकनगुनिया के कुछ लक्षण, ठीक होने में लगते हैं कई साल

चिकनगुनिया बुखार से शुरू होने वाला रोग है। मगर चिकनगुनिया एक ऐसी बीमारी है, जिसका प्रभाव लंबे समय तक रहता है। ये रोग चिकनगुनिया वायरस के कारण फैलता है, जो मच्छरों के द्वारा फैलाया जाता है। शुरुआती अवस्था में मरीज को बुखार आता है, शरीर में कंपकंपी होती है और ठंड लगती है। कुछ दिनों बाद उसकी त्वचा पर चकत्ते आ जाते हैं। आमतौर पर इलाज करवाने पर चिकनगुनिया 1-2 सप्ताह में ठीक हो जाता है। मगर चिकनगुनिया के कुछ लक्षण बीमारी के ठीक होने के बाद भी परेशान करते रहते हैं। ये बीमारी अपने पीछे कई ऐसे निशान छोड़ जाती है, जिन्‍हें जाने में काफी वक्‍त लगता है।

डेंगू से मिलते हैं चिकनगुनिया के लक्षण

हर बीमारी के लक्षण, प्रभाव, जटिलताएं, कठिनाईयां आदि भी अन्य बीमारियों से अलग-अलग होते है। हर बीमारी शरीर पर अपना कोई न कोई प्रभाव छोड़ जाती है। चिकनगुनिया बीमारी भी ऐसी ही गंभीर बीमारी है जिसका वायरस तो कुछ दिनों में खत्म हो जाता है। लेकिन उसका असर शरीर पर लंबे समय तक रहता है। चिकनगुनिया वायरस की जटिलताएं कहीं न कहीं डेंगू वायरस से भी मिलती-जुलती हैं। आइए जाने चिकनगुनिया वायरस शरीर पर अपना क्या प्रभाव छोड़ जाता है।

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शरीर पर चिकनगुनिया का प्रभाव

चिकनगुनिया का मुख्य लक्षण जोड़ों में दर्द होना है। चिकनगुनिया बुखार 2 से 12 दिन तक रहता है लेकिन रोगी को इससे उबरने के लिए महीनों लग जाते हैं। कभी-कभी ये समय 6 महीने तो कभी 1 से 2 साल भी हो सकता है। दरअसल, इस वायरस से शरीर बहुत कमजोर हो जाता है जिसको बाद में उबरने में समय लगता है और जोड़ों का दर्द सही होने में समय लग जाता है। चिकनगुनिया वायरस से पीडि़त व्यक्ति कुछ सप्ताह तक हर समय थकान से परेशान रहता है।

चिकनगुनिया के अन्य खतरे

  • कुछ रोगियों को हफ्तों या महीनों तक असहनीय दर्द, गठिया दर्द आदि की शिकायत भी हो सकती है। 
  • कई रोगियों को चिकनगुनिया के लक्षणों के आधार पर कई तरह की मस्तिष्क की समस्यातएं, गुर्दे की बीमारियां तथा इसी तरह की अन्यगंभीर बीमारियां हो सकती है।
  • कई रोगियों को इस वायरस के कारण जीवनभर किसी भी अन्य बीमारी से लड़ने की क्षमता कम हो जाती है।शरीर में पानी की कमी हो सकती है।
  • इलेक्ट्रोलाइट असंतुलन, निमोनिया, सांस संबंधी बीमारियां आदि चिकनगुनिया के प्रभाव से हो सकती हैं।

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Anurag Gupta

Senior Health Journalist & Editor

अनुराग गुप्ता एक अनुभवी हेल्थ जर्नलिस्ट हैं, जो पिछले 11 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय हैं और पिछले 8 से अधिक वर्षों से स्वास्थ्य विषयों पर लगातार काम कर रहे हैं। फिलहाल वह OnlyMyHealth में डिप्टी एडिटर के पद पर कार्यरत हैं, जहां वह हिंदी और अंग्रेजी दोनों टीमों की संपादकीय जिम्मेदारी संभालते हैं। उन्होंने 2017 में OnlyMyHealth में सब एडिटर के रूप में अपने हेल्थ जर्नलिज्म करियर की शुरुआत की थी। समय के साथ वह संपादकीय टीम में वरिष्ठ भूमिका में पहुंचे और आज वेबसाइट की कंटेंट स्ट्रैटेजी, आइडिया अप्रूवल, कंटेंट क्वालिटी कंट्रोल, टीम मैनेजमेंट और एडिटोरियल प्लानिंग की जिम्मेदारी निभा रहे हैं। OnlyMyHealth पर प्रकाशित हेल्थ आर्टिकल्स जिस एडिटोरियल और मेडिकल रिव्यू प्रोसेस से गुजरते हैं, उसकी निगरानी भी वही करते हैं। वह सुनिश्चित करते हैं कि हर लेख प्रमाणित मेडिकल स्रोतों, रिसर्च स्टडी और विशेषज्ञों की राय के आधार पर तैयार हो, ताकि पाठकों तक सटीक और भरोसेमंद जानकारी पहुंचे। अनुराग की खासियत है जटिल मेडिकल रिसर्च, हेल्थ डेटा और पब्लिक हेल्थ से जुड़े विषयों को आसान और समझने योग्य भाषा में प्रस्तुत करना, ताकि आम पाठक भी उन्हें आसानी से समझ सके। संपादकीय जिम्मेदारियों के साथ-साथ वह समय-समय पर OnlyMyHealth के लिए लेख भी लिखते हैं। OnlyMyHealth से पहले वह Guftagu Print Magazine और ScoopWhoop के साथ भी काम कर चुके हैं, जहां उन्होंने फीचर और डिजिटल पत्रकारिता में अनुभव हासिल किया।

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    Aug 07, 2013 00:00 IST

    Published By : Anurag Gupta