गिलोय के ज्यादा इस्तेमाल से होने वाले नुकसान

आयुर्वेदBy Onlymyhealth editorial teamSep 22, 2021

गिलोय (Giloy) सेहत के लिए कई प्रकार से लाभदायक है। सबसे पहते तो ये एक इम्यूनिटी बूस्टर हर्ब है जो कि आपको कई बीमारियों से बचाता है। दूसरा गिलोय में भरपूर मात्रा में एंटीऑक्सीडेंट पाए जाते हैं और साथ ही इसमें एंटी-इंफ्लेमेटरी गुण (Giloy benefits) भी होते हैं जो कि शरीर में सूजन को कम करने में मददगार है। सर्दी खासी और बुखार जैसी समस्याओं में गिलोय का सेवन तेजी से रिकवरी में मदद करता है।  गिलोय की पत्त‍ियों में कैल्शि‍यम, प्रोटीन, फॉस्फोरस पर्याप्त मात्रा में पाया जाता है और इसलिए ये हड्डियों की परेशानियों को भी दूर करने में मदद करता है। साथ ही जिन लोगों को पाचन तंत्र से जुड़ी समस्याएं होती हैं उनके लिए गिलोय रामबाण इलाज की तरह काम करता है। ये मेटाबॉलिज्म को तेज करता है और  गैस्ट्रोइंटसटाइनल समस्याएं जैसे कब्ज और बदहजमी को कम करता है। कुछ लोग इसे घी और शहद मिला कर भी लेते हैं तो, कुछ इसे अपनी चाय और काढ़े में शामिल करते हैं। पर लंबे समय तक इसका सेवन करना कई हद तक नुकसानदेह भी हो सकता है।  

दरअसल, इस कोरोना काल में इम्यूनिटी बढ़ाने के लिए कई लोग गिलोय का सेवन कुछ ज्यादा ही करने लगे हैं (Giloy for immunity) जिसके चलते लिवर डैमेज (Giloy liver damage) के मामले सामने आए हैं। साथ ही ये इम्यून सिस्टम को ऑवर एक्टिव बना कर ऑटोइम्यून बीमारियों के खतरे को भी बढ़ाता है। साथ ही ये बीपी भी लो कर सकता है इसलिए इसे लेते वक्त बीपी चेक करते रहना बेहद जरूरी है। साथ ही प्रेग्नेंसी में भी इसे लेने से पहले आपको अपने डॉक्टर का सुझाव लेना चाहिए। तो,  गिलोय के कई और भी साइड इफेक्ट्स (Giloy side effects) हैं जिनके बारे में आज हम आपको बताएंगे।

Disclaimer