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ये 5 गलत आदतें देती हैं PCOS और हार्मोनल असंतुलन को बढ़ावा, आज ही बदलें इन्हें

आप रोजाना ऐसी कई गलतियां करते हैं जिससे शरीर में हार्मोन्स का संतुलन बिगड़ता है पीसीओएस जैसी गंभीर समस्याओं का जोखिम बढ़ता है। जानें ऐसी 5 

Vineet Kumar
Written by: Vineet KumarPublished at: Apr 16, 2022Updated at: Apr 16, 2022
ये 5 गलत आदतें देती हैं PCOS और हार्मोनल असंतुलन को बढ़ावा, आज ही बदलें इन्हें

सेहतमंद रहने के लिए शरीर में हार्मोन्स का संतुलन बनाए रखना बहुत जरूरी है। हार्मोन्स आपके शरीर की कई प्रक्रियाओं के लिए जिम्मेदार होते हैं। जब शरीर हार्मोन्स का संतुलन बिगड़ता है (Hormone Imbalance In Body In Hindi) तो इससे शरीर में कई रोग पनपते हैं। साथ ही इसके कई दुष्प्रभाव भी देखने को मिल सकते हैं। अक्सर लोग हार्मोनल असंतुलन को बीमारी या उम्र से जोड़ते हैं, लेकिन सभी मामलों में ऐसा नहीं होता है।

आयुर्वेदिक चिकित्सक डॉ. ऐश्वर्या संतोष  (बीएएमएस, आयुर्वेद) की मानें तो जीवनशैली से जुड़ी कई आदतें भी हार्मोन्स और पॉलीसिस्टिक ओवरी सिंड्रोम (PCOS) को प्रभावित कर सकती हैं (Lifestyle Habits That Can Affect Your Hormones In Hindi)। गतिहीन जीवनशैली और गलत खानपान का तरीका शरीर में हार्मोनल संतुलन को बिगाड़ सकता है। जिसके परिणाम स्वरूप अनियंत्रित वजन बढ़ना, थकान, सिरदर्द, बालों का झड़ना, पाचन संबंधी समस्याएं, अनिद्रा के साथ ही पीसीओएस (PCOS) जैसी समस्याएं हो सकती हैं। इस लेख में हम डॉ. ऐश्वर्या संतोष से जानेंगे 5 ऐसी जीवनशैली आदतें जो महिलाओं में हार्मोन्स और PCOS को प्रभावित कर सकती हैं (Habits That Can Affect Your Hormones And PCOS In Hindi)।

पीसीओएस और हार्मोनल असंतुलन को बढ़ावा देने वाली 5 गलत आदतें ( Habits That Can Affect Your Hormones And PCOS)

1. खराब नींद (Poor Sleep)

एक अच्छी नींद लेने, नींद की गुणवत्ता कम होना या पर्याप्त नींद न लेना शरीर में हार्मोन संतुलन को बिगाड़ सकता है। अगर महिलाएं पर्याप्त नींद नहीं लेती हैं उनमें हार्मोनल असंतुलन हो सकता है और पीसीओएस जैसी गंभीर समस्याओ का जोखिम बढ़ सकता है।

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2. तनाव (Stress)

आमतौर पर कभी-कभी थोड़ा तनाव महसूस करना कुछ खास नुकसानदायक नहीं होता है, ये बिल्कुल सामान्य है। लेकिन अगर कोई महिला लंबे समय तनाव से जूझ रही है या बहुत अधिक तनाव लेती है तो यह उनके स्वास्थ्य के लिए बेहद हानिकारक है। तनाव आपके शरीर के प्राकृतिक हार्मोन संतुलन को बाधित कर सकता है। ऐसे कई शोध हैं जिनमें तनाव और हार्मन असंतुलन, यहां तक कि पीसीओएस के बीच संबंध दिखाया गया है।

3. कम एक्सरसाइज करना (Not Enough Exercise)

एक्सरसाइज करना न सिर्फ आपको फिट रहने में मदद करता है, बल्कि आपको कई गंभीर रोगों से भी बचाता है। जो महिलाएं एक गतिहीन जीवन शैली को फॉलो करती हैं और कुछ सरल एक्सरसाइज जैसे पैदल चलना तक नहीं करती हैं, उनमें हार्मोन्स का संतुलन बिगड़ने का अधिक जोखिम होता है। यही कारण है कि पीसीओएस और हार्मोन्स से जुड़ी अन्य समस्याओं के उपचार में स्वास्थ्य विशेषज्ञ एक्सरसाइज करने की सलाह देते हैं।

4. ब्रेकफास्ट स्किप करना (Skipping Breakfast)

नाश्ता दिन का सबसे महत्वपूर्ण भोजन है। स्वास्थ्य विशेषज्ञों के अनुसार आप नाश्ते में जो कुछ भी खाते हैं उसका आपके हार्मोन्स पर सीधा प्रभाव पड़ता है। जब आप नाश्ता नहीं करते हैं तो इससे शरीर में कोर्टिसोल का स्तर बढ़ता है जो कि एक "तनाव हार्मोन" है। जिसके कारण आप तनाव, चिंतित या चिड़चिड़ा महसूस कर सकते हैं। जो हार्मोन्स में गड़बड़ और पीसीओएस के प्रमुख जोखिम कारक हैं।

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5. प्रोसेस्ड फूड्स का अधिक सेवन (Eating Too Much Processed Foods)

प्रोसेस्ड फूड्स शरीर में सूजन (Processed Foods Can Cause Inflammation In Body) को बढ़ाते हैं और अधिवृक्क ग्रंथियों पर दबाव डालते हैं। साथ ही ऑटोइम्यून बीमारियों के प्रति संवेदनशीलता बढ़ाते हैं। कुकीज, क्रैकर्स, ब्रेड सभी का सेवन सेहत के लिए हानिकारक है। उन्हें खाने से वजन बढ़ता है (Processed Foods Can Cause Weight Gain In Hindi) शरीर में गंभीर हार्मोनल असंतुलन को ट्रिगर करता है। प्रोसेस्ड फूड्स शरीर में इलेक्ट्रोलाइट असंतुलन का कारण बनते हैं जो हार्मोनल स्वास्थ्य के लिए बेहद खतरनाक है।

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