इन कारणों से हो सकता है आपको एक्जिमा (खुजली) की समस्या, जानें इसके लक्षण और बचाव के उपाय

Eczema in Hindi: एक्जिमा आपको कई कारणों से हो सकता है। आइए जानते हैं इसके लक्षण, प्रकार, ट्रीटमेंट और घरेलू उपचार।

Pallavi Kumari
Written by: Pallavi KumariUpdated at: Mar 18, 2022 15:00 IST
इन कारणों से हो सकता है आपको एक्जिमा (खुजली) की समस्या, जानें इसके लक्षण और बचाव के उपाय

एक्जिमा (Eczema in Hindi) जिसे डर्मेटाइटिस ( dermatitis) भी कहा जाता है, ये एक प्रकार की स्किन की बीमारी है जिसमें ज्यादातर लोगों के स्किन पर चकत्ते और खुजली की समस्या हो जाती है। आमतौर पर ये चेहरे, हाथ, पैर, कोहनी के अंदर और घुटनों के पीछे चकत्ते के रूप में दिखाई देता है, लेकिन शरीर पर कहीं भी हो सकता है। इसमें त्वचा पर लाल और सूखे दानेदार चकत्ते पड़ जाते हैं जिसमें तेज खुजली होती है। पर कई बार लोग इस समस्या को गंभीरता से नहीं लेते जिससे धीमे-धीमे ये बढ़ने लगता है। कई बार तो ये इतना संक्रामक हो जाता है इससे शरीर में कुछ गंभीर लक्षण नजर आने लगते हैं। लेकिन कभी आपने सोचा है कि ये समस्या होती क्यों है? तो, आइए हम आपको बताते हैं एक्जिमा के कारण, लक्षण और उपचार। 

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एक्जिमा के कारण-Eczema causes in hindi 

एक्जिमा एक तरह का स्किन इंफेक्शन भी है जो कि तेजी से बढ़ता है और हर किसी में इसके कई कारण हो सकते हैं। जैसे कि ये आपको ऑटोइम्यून बीमारी के कारण भी हो सकता है। जिसमें कि आपका इम्यून सिस्टम बिना कारण ओवरएक्टिव हो जाता है या ज्यादा रिएक्ट करता है। इसके अलावा भी लोगों को कई कारणों से एक्जिमा होता है। जैसे कि 

  • -एलर्जी से
  • -आनुवंशिक कारण
  • - स्किन इंफेक्शन 
  • -कपड़ों से इंफेक्शन के कारण 
  • -इत्र,  डियोड्रेंट और सुगंधित साबुन
  • -ठंडा और शुष्क मौसम
  • -लंबे समय तक नमी के संपर्क में रहने से
  • -अत्यधिक पसीना आने से 
  • -तनाव से
  • -स्मोकिंग से

एक्जिमा के लक्षण- What is Eczema Symptoms in hindi

एक्जिमा के प्रकार के आधार पर लक्षण (eczema ke lakshan) भिन्न हो सकते हैं, हालांकि कुछ विशेषताएं हैं जो उन सभी के लिए समान हैं।  जैसे कि छोटे बच्चों में अलग प्रकार एक्जिमा होता है, व्यस्कों में एक्जिमा अलग होता है। ऐसे में शरीर में अलग-अलग लक्षण नजर आते हैं। जैसे कि 

  • -बड़े-बड़े चक्कते
  • -पानी वाले दाने
  • -गाल और स्कैल्प पर दिखाई देने वाले चकत्ते
  • -बहुत ज्यादा खुजली
  • -घुटनों, पैरों, कोहनी के पीछे, टखनों, गर्दन, कलाई और नितंबों पर चकत्ते
  • -रह रह कर खुजली
  • -अत्यधिक शुष्क त्वचा

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एक्जिमा के प्रकार-Types of Eczema

1. एटोपिक डार्माटाइटिस (Atopic dermatitis)

एटोपिक डार्माटाइटिस एक्जिमा का सबसे आम रूप है। यह अक्सर बच्चों में देखा जाता है, लेकिन वयस्कों में भी हो सकता है। इसके कई कारण हैं जैसे कि तनाव, एलर्जी, इंफेक्शन और ड्राई स्किन। इसके लक्षणों में शुष्क, खुजलीदार और फटी त्वचा शामिल है, और यह अक्सर उन व्यक्तियों में होता है जिन्हें एलर्जी या अस्थमा होता है। वर्तमान में इसका कोई इलाज नहीं है लेकिन कुछ उपचारों के माध्यम से लक्षणों को कम करने में मदद मिल सकती है।

2. कॉन्टैक्ट डर्मेटाइटिस (Contact dermatitis)

कॉन्टैक्ट डर्मेटाइटिस आमतौर पर किसी इरिटेंट के सीधे संपर्क में आने के बाद एलर्जी की प्रतिक्रिया के कारण होता है, जैसे कि साबुन, क्रीम और डिटर्जेंट में पाए जाने वाले कुछ रसायन। यह फफोले, सूजन, दाने, खुजली वाली त्वचा या लाल चकत्ते के रूप में निकल सकता है।

3. सेबोरहाइक डर्मेटाइटिस (Seborrheic dermatitis)

सेबोरहाइक डर्मेटाइटिस पीले या सफेद पपड़ीदार पैच का कारण बनता है, जिसके आसपास की त्वचा ऑयली होती है। यह आमतौर पर स्कैल्प पर देखा जाता है, लेकिन यह पीठ, चेहरे और छाती को भी प्रभावित कर सकता है। ये फंगल 

4.  डायसिड्रोटिक एक्जिमा (Dyshidrotic eczema)

एक्जिमा आमतौर पर एलर्जी के सीधे संपर्क के कारण होता है और इसमें त्वचा पर छोटे-छोटे दाने निकल आते हैं। इसमें पैरों या हाथों में खुजली वाले फफोले भी हो जाते हैं।

5. न्यूमुलर एक्जिमा (Nummular eczema)

न्यूमुलर एक्जिमा एक पुरानी स्थिति है जो अत्यधिक शुष्क त्वचा या एलर्जी के सीधे संपर्क में आने से होती है। यह गोलाकार धब्बे के रूप में प्रकट होता है कि तरल पदार्थ से भरा हुआ हो सकता है और विशेष रूप से बुजुर्गों में होता है। 

6. स्टैसिस डर्मेटाइटिस (Stasis dermatitis)

स्टैसिस डर्मेटाइटिस तब होता है जब आपका ब्लड सर्कुलेशन सही नहीं होता है। ये अक्सर पैरों में होता है जिससे कि नसें सूज जाती हैं। यह निचले पैरों की त्वचा में सूजन का कारण बनता है और लाल, खुजली वाला और असहज हो सकता है। दिल की बीमारियों और डायबिटीज में अक्सर ये ज्यादा सामने आती हैं।  

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एक्जिमा का उपचार-Eczema treatment in hindi

एक्जिमा के ट्रीटेमेंट करने से पहले डॉक्टर आपकी त्वचा की जांच करने के लिए कुछ टेस्ट कर सकते हैं। साथ ही डॉक्टर दाने को करीब से देखेंगे और दाने के पैटर्न, संभावित ट्रिगर और लक्षणों की गंभीरता के बारे में प्रश्न पूछ सकते हैं। डॉक्टर एक्जिमा के आपके पारिवारिक इतिहास के बारे में भी पूछ सकते हैं। इसके अलावा डॉक्टर कुछ पैच टेस्ट कर सकते हैं। पैच टेस्ट के दौरान, वे आपकी पीठ पर अलग-अलग एलर्जी के छोटे-छोटे बिंदु लगाएंगे। 48 घंटों के बाद, वे ध्यान देंगे कि किन एलर्जी के कारण त्वचा पर प्रतिक्रिया हुई। साथ ही डॉक्टर त्वचा की बायोप्सी कर सकते हैं और दवाइयां लिख सकते हैं। 

1. एक्जिमा क्रीम: एक्जिमा क्रीम आपकी त्वचा को हाइड्रेट करने और खुजली और सूजन को कम करने में मदद कर सकती हैं। इसके लिए आमतौर पर डॉक्टर कॉर्टिकोस्टेरॉइड्स वाली क्रीम बताते हैं। 

2. एंटीबायोटिक्स: अगर आपके रैशेज में सेकेंडरी बैक्टीरियल इन्फेक्शन हो जाता है, तो डॉक्टर आपके लिए एंटीबायोटिक्स ऑर्डर कर सकते हैं।

3. फोटोथेरेपी: फोटोथेरेपी, जिसे लाइट थेरेपी के रूप में भी जाना जाता है, त्वचा को बैक्टीरिया के संक्रमण से लड़ने में मदद करने के अलावा, सूजन और खुजली को कम करने में मदद कर सकती है। 

4. एंटीहिस्टामाइन: डॉक्टर गंभीर खुजली के लिए एंटीहिस्टामाइन लिख सकते हैं। ये गोलियों या क्रीम के रूप में हो सकते हैं।

एक्जिमा के घरेलू उपचार-Eczema home remedies in hindi

एक्जिमा को दूर करने में कुछ घरेलू उपचार भी आपकी मदद कर सकते हैं। जैसे कि 

  • -नहाते समय माइल्ड क्लींजर या साबुन का प्रयोग करें
  • -ह्यूमिडिफायर का इस्तेमाल करें
  • -नहाने के बाद अपनी त्वचा को तौलिये से रगड़ने से बचें और मॉइस्चराइजर लगाएं या फिर आप देसी घी भी लगा सकते हैं।
  • -नींबू और जैतून का तेल लगाएं।
  • -नीम की पत्तियां लगाएं।
  • -बेकिंग सोडा और एप्पल साइडर विनेगर के पानी लगाएं।

लेकिन, अच्छा यही होगा कि आप एक्जिमा के इन घरेलू नुस्खों को इस्तेमाल करने से पहले अपने डॉक्टर से एक बार सुझाव जरूर ले लें। इसके अलावा ज्यादा से ज्यादा एक्जिमा से बचाव की कोशिश करें। जैसे कि लाइफस्टाइल में बदलाव करें, तनाव से बचें, अच्छी नींद लें और ज्यादा कैमिकल्स और खुशबू वाली चीजों के इस्तेमाल से बचें। साथ ही कोशिश करें कि अगर आपको एक्जिमा है तो नट्स, सोया, ग्लूटेन और अंडे आदि के सेवन से बचें क्योंकि ये इसे बढ़ा सकता है। इसके अलावा एक्जिमा के लक्षण नजर आते ही तुरंत अपने डॉक्टर से संपर्क करें।  

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