एगोराफोबिया के बारे में जानें सभी जरूरी बातें

By  , ओन्‍ली माई हैल्‍थ सम्पादकीय विभाग
Jun 14, 2016
Comment

हेल्‍थ संबंधी जानकारी के लिए सब्‍सक्राइब करें

Like onlymyhealth on Facebook!

Quick Bites

  • एगोराफोबिया यानी बाहर की दुनिया का भय।
  • महिलाओं को पुरुषों की तुलना में अधिक होता है।
  • एगोराफोबिया 35 की उम्र से पहले हो जाता है।
  • इस फोबिया के लिए आनुवांशिक कारण भी जिम्‍मेदार।

हाल ही में आइ राधिका आप्टे की फिल्म 'फोबिया' ने लोगों के बीच में एक नए किस्म के डर के बारे में बहस छेड़ दी है। इस फिल्म में राधिका आप्टे एगोराफोबिया नाम की मानसिक बीमारी से ग्रस्त है जो अपने आसपास के माहौल में डरती है। इस मानिसक बीमारी से वो एक एक बार किसी टैक्सी से जाने के दौरान एक हादसे का शिकार होते-होते बचने के बाद से ग्रस्त होती है।

तब से इस फिल्म ने लोगों के बीच बहस छेड़ दी है कि कहीं हम भी इसी तरह की बीमारी से तो ग्रस्त नहीं होते जा रहे। राधिका उस हादसे के बाद लोगों से मिलने-जुलने से बैचेन हो उठती है। ऐसा हमारे साथ भी होता है जब हम कई बार लोगों से मिलने-जुलने के दौरान बेचैन हो जाते हैं और उस जगह से भाग जाने मन करता है। जब ये इच्छा ज्यादा होने लगती है तो वो फोबिया का रुप ले लेती है। आज इस लेख में हम इसी फोबिया के बारे में बात करेंगे।

 

एगोराफोबिया- बाहर की दुनिया का भय

  • एगोराफोबिया एक मनोवैज्ञानिक बीमारी है। सरल शब्दों में कहें तो इसमें बाहर की दुनिया से भय लगता है। एगोरा ग्रीक शब्द " एगोरा " से बना है जिसका मतलब होता है गैदरिंग प्लेज और सार्वजनिक जगह। फोबिया मतलब डर। जिससे बनता है एगोराफोबिया और जिसका मतलब होता है सार्वजिनिक जगह में जाने से डर लगना। 
  • एगोराफोबिया एक एंग्‍जाइटी डिसऑर्डर है जिसमें रोगी को दूसरे लोगों से से डर लगता है, वह अनजान लोगों से भी डरता है।

 

इसके लक्षण

  • किसी सार्वजनिक जगह में अकेले होने से डरना।
  • भीड़ में अकेले होने से डरना।
  • ट्रेन में सफर करने या सीढ़ी चढ़ने में डर लगना।
  • मददरहित महसूस करना।
  • किसी के ऊपर पूरी तरह से निर्भर हो जाना।
  • घर में अकेले रहने तक से डरना।

 

फोबिया के दौरान लक्षण

  • दिल की धड़कनों का बढ़ना।
  • बहुत अधिक पसीना आना।
  • सांस लेने में परेशानी।
  • छाती में दर्द होना या किसी तरह का दवाब महसूस करना।
  • चिल्लाना।
  • कांपना।

 

इसके कारण

 

किसे अधिक खतरा

  • एगोराफोबिया 35 की उम्र से पहले होता है। लेकिन कई बार ये बड़ी उम्र के लोगों को भी हो जाता है।
  • महिलाओं में पुरुषों की तुलना में एगोराफोबिया अधिक होता है।
  • किसी भी अन्य तरह के डिसऑर्डर या फोबिया का होना एगोराफोबिया होने की संभावना को बढ़ा देता है।
  • खून के रिश्ते में किसी को एगोराफोबिया हो। ये आनुवांशिक भी होता है।

 

कब मिलें डॉक्टर से

  • जब एगोराफोबिया आपको पूरी तरह से कुद में बांध दे, आपको काम और समाज को सीमित कर दे और आपकी रुटीन लाइफ प्रभावित होने लगे तो आपको डॉक्टर से मिलने की जरूरत है।
  • किसी प्रकार की मानसिक समस्‍या हो तो उसे नजरअंदाज न करें, किसी भी प्रकार के लक्षण दिखने पर तुरंत डॉक्टर से मिलिए।

 

Read more Articles on Mental Health in Hindi.

Write a Review
Is it Helpful Article?YES1 Vote 1579 Views 0 Comment
प्रतिक्रिया दें
disclaimer

इस जानकारी की सटिकता, समयबद्धता और वास्‍तविकता सुनिश्‍चित करने का हर सम्‍भव प्रयास किया गया है । इसकी नैतिक जि़म्‍मेदारी ओन्‍लीमाईहैल्‍थ की नहीं है । डिस्‍क्‍लेमर:ओन्‍लीमाईहैल्‍थ पर उपलब्‍ध सभी साम्रगी केवल पाठकों की जानकारी और ज्ञानवर्धन के लिए दी गई है। हमारा आपसे विनम्र निवेदन है कि किसी भी उपाय को आजमाने से पहले अपने चिकित्‍सक से अवश्‍य संपर्क करें। हमारा उद्देश्‍य आपको रोचक और ज्ञानवर्धक जानकारी मुहैया कराना मात्र है। आपका चिकित्‍सक आपकी सेहत के बारे में बेहतर जानता है और उसकी सलाह का कोई विकल्‍प नहीं है।

संबंधित जानकारी
  • सभी
  • लेख
  • स्लाइडशो
  • वीडियो
  • प्रश्नोत्तर