ये हैं स्‍ट्रेस बस्‍टर फूड

By  , ओन्‍ली माई हैल्‍थ सम्पादकीय विभाग
Jan 06, 2016
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Quick Bites

  • आज की भागदौड़ भरी जिंदगी में सभी तनाव से परेशान है
  • काम के बोझ और स्ट्रेस से खानपान भी प्रभावित होता है।
  • स्ट्रेस फूड के सेवन से नियंत्रित किया जा सकता है तनाव।
  • चॉकलेट, दही,मछली, चिकन आदि आहार होते है स्ट्रेस फूड।

आज तनाव में आना बहुत आसान है। काम की डेडलाइन, बहुत सारी पारिवारिक जिम्मेदारियां और ऐसे ही कभी न खत्म होने वाले कामों की लिस्ट। फिर चाहे वह खुद का वजन कंट्रोल करना ही क्यों न हो। मल्टीटास्किंग के कारण स्ट्रेस भी मल्टीप्लाई होने लगा है। काम के बढते बोझ और स्ट्रेस से आपका खानपान भी प्रभावित होता है। क्योंकि जब आप लंच, ब्रेकफस्ट या फिर डिनर मिस कर जाती हैं तो जंक फूड ले लेती हैं। जंक फूड, बेकरी फूड, कप केक्स और शुगरी चीजें कुछ देर आपको राहत तो जरूर देते हैं, लेकिन कमर का साइज भी बढा देते हैं। ऐसे में स्ट्रेस बढना जाहिर है। अगर आप स्ट्रेस से दूर और यंग दिखना चाहती है तो हेल्दी फूड ट्राई करें। इन्हें अपनाइए और स्ट्रेस को दूर भगाइए।

  • हालांकि यह चॉकलेट हर कोई पसंद नहीं करता लेकिन यह स्ट्रेस दूर करने में मदद करती है। इसमें पाया जाने वाला फिनाइलेथाइलामाइन तत्व मस्तिष्क को आराम देता है। इसमें हाई फ्लेवेनॉल कंटेंट होने के कारण यह सौंदर्य बढाता है और त्वचा को हाइड्रेट भी रखता है। लेकिन सीमित मात्रा में खाना ही फायदेमंद है। 20 ग्राम चॉकलेट में 150 कैलरी होती है।

  • ओटमील में पर्याप्त मात्रा में कार्बोहाइड्रेट होता है, जिससे हमारा शरीर सेरोटिन प्रोड्यूस करता है। सेरोटिन मूड अच्छा करने का काम करता है और मन को शांति और आराम का एहसास कराता है। इसमें मौजूद फाइबर स्लिम फिट रखते हैं। साथ ही बिना कैलरी बढाए यह पेट भरने का काम करता है। केले के साथ इसे ब्रेकफस्ट में जरूर लें।

 

  • एक शोध से पता चला है कि चिकेन हर प्रकार के स्ट्रेस को कम करने में मदद करता है। यह एंटीइन्फ्लामेटरी होता है, जो सांस संबंधी समस्या, घबराहट, तनाव और थकान को दूर करता है। वजन भी नियंत्रित रखता है। खाने से पहले चिकेन सूप लेने से आपके खाने से मिलने वाली कैलरी कम हो जाती है। इस तरह आपका वजन बढने नहीं पाता।

 

  •  हफ्ते में कुछ दिन सालमन मछली खाने से मन शांत रहता है। इसमें मौजूद आमेगा 3 फैटी एसिड तनाव से लडने की क्षमता बढाता है। यह त्वचा को नर्म-मुलायम बनाने में मदद करता है। इन्फ्लामेशन को दूर करता है। इस तरह त्वचा रूखी नहीं होने पाती।

 

  • ग्रीन टी में थियानाइन एक प्रकार का अमीनो एसिड होता है जो शरीर और दिमाग दोनों को आराम देता है। ग्रीन टी में मौजूद एंटीऑक्सीडेंट मेटाबॉलिज्म सिस्टम को दुरुस्त रखता है और त्वचा को धूप से होने वाले नुकसान से बचाता है। इसमें एक चम्मच शहद मिलाने से यह तरोताजा कर देती है।

 

  • अगर गुस्सा और लडाई-झगडे के मूड में हों, तो उस दौरान अखरोट खाने से आपका क्रोध भाग जाएगा। अखरोट में एल-आर्जिनाइन होता है, जो नाइट्रिक ऑक्साइड में बदल जाता है। नाइट्रिक ऑक्साइड रक्तवाहिनियों को रिलैक्स रखने में मदद करता है। रक्त संचार को बढाता है और त्वचा के कोश में पोषक तत्वों को पहुंचाता है, जिससे वह लंबे समय तक युवा रहती है। अखरोट में ओमेगा 3 एस और ओमेगा फैट पाया जाता है जो त्वचा को कांतिमय व सुंदर बनाने के लिए बेहद जरूरी होता है।

 

  •  एक कप सादा लो-फैट दही तकरीबन 450 मिली ग्राम कैल्शियम प्रदान करता है, जो महत्वपूर्ण ब्यूटी मिनरल्स का काम करता है। हड्डियों को मजबूत बनाता है। शोध से यह साबित हो चुका है कि अधिक कैल्शियम लेने से पीएमएस की आशंका कम हो जाती है। एक ग्लास लस्सी तनाव से तुरंत राहत देती है।



अब जब भी आपका मन मीठा खाने का करे तो ब्ल्यूबेरी जरूर खाएं। इसमें पर्याप्त मात्रा में एंटीऑक्सीडेंट होते हैं, जो त्वचा में कोलेजन को बरकरार रखते हैं। इसमें मौजूद पोटेशियम ब्लड प्रेशर को संतुलित रखने में मदद करता है। यह आसानी से स्ट्रेस रिलीज करता है। तनाव और डिप्रेशन में इसे दही के साथ मिलाकर खाने से काफी राहत मिलती है।

Image Source-Getty
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