प्रेग्‍नेंसी में स्‍तनों का दर्द दूर करने के लिए हल्‍के गर्म और हल्‍के ठंडे पैड का करें प्रयोग

By  , ओन्‍ली माई हैल्‍थ सम्पादकीय विभाग
May 21, 2013
Comment

Subscribe for daily wellness inspiration

Like onlymyhealth on Facebook!

Quick Bites

  • हार्मोन में बदलाव के कारण ब्रेस्‍ट में दर्द होना सामान्‍य है।
  • स्‍तनों में बदलाव भी हो सकता है गर्भावस्‍था का लक्षण।
  • प्रेग्‍नेंसी के समय ब्रेस्‍ट ज्‍यादा संवेदनशील हो जाती है।
  • दर्द कम करने के लिए हल्‍के ठंडे पैक का प्रयोग कीजिए।

गर्भावस्‍था के दौरान हार्मोन में बदलाव के कारण ब्रेस्‍ट में दर्द होता है। स्‍तनों में बदलाव भी गर्भावस्‍था का लक्षण है। प्रेग्‍नेंट होने के बाद स्‍तनों के ऊतकों में बदलाव होता है, दूध बनाने वाले ऊतकों का निर्माण शुरू हो जाता है।

pregnancy me stano ka dard door karne ke tips कई बार प्रेग्‍नेंसी के दौरान स्‍तनों में सूजन होने लगती है। इस समय ब्रेस्‍ट ज्‍यादा संवेदनशील भी हो जाते हैं। आमतौर पर गर्भावस्‍था की पहली तिमाही में यह दर्द शुरू होता है और पहली दूसरी तिमाही के शुरूआत में समाप्‍त हो जाता है। इसके दर्द से निपटने के लिए आप इन तरीकों को आजमा सकती हैं।

 

गर्भावस्‍था और ब्रेस्‍ट पेन

 

स्‍टेप 1

गर्भावस्‍था के दौरान फिटिंग ब्रा पहनने की आदत डालिए। इसलिए अच्‍छे गुणवत्‍ता की ब्रा ही खरीदिए। इस दौरान आपके स्‍तन फूल जाते हैं। चौड़े पट्टियों  वाली ब्रा ही पहनिए। जिस ब्रा में तार लगे हों उसे बिलकुल मत पहनिए। तीसरी तिमाही में बड़े कप साइज वाली ब्रा पहनिए। फिटिंग ब्रा पहनने से आपके स्‍तनों का मूवमेंट ज्‍यादा नही होता, जिसके कारण स्‍तनों में ज्‍यादा दर्द नही होता। रात में सोते वक्‍त भी फिट ब्रा पहनिए।

स्‍टेप 2

स्‍तनों का दर्द कम करने के लिए हल्‍के गर्म और ठंडे पैक का प्रयोग कीजिए। आइस पैक स्‍तनों पर रखने से उनके ऊतक सुन्‍न हो जाते हैं, जिसके कारण सूजन भी कम हो जाती है। यदि आप गर्म पैक का प्रयोग कर रहे हैं तो उससे रक्‍त का संचार बढ़ जाता है जिसके कारण आपको आराम मिलेगा। हालांकि गर्म पैक का इस्‍तेमाल करने से स्‍तन ज्‍यादा सूज सकते हैं। लेकिन ध्‍यान रहे कि ज्‍यादा देर तक गर्म पैक को अपने स्‍तनों पर न रखें, इससे त्‍वचा को नुकसान हो सकता है।

 

स्‍टेप 3

ट्रिगर फूड खाने से बचें। ट्रिगर फूड को फास्‍ट और जंक फूड भी कहते हैं। प्रेग्‍नेंसी के दौरान पिज्‍जा, बर्गर आदि खाने से परहेज कीजिए। इस दौरान ज्‍यादा नमक का सेवन करने से ब्रेस्‍ट में दर्द हो सकता है। ज्‍यादा मात्रा में पानी का सेवन कीजिए। पानी पीने से स्‍तन के दर्द से राहत मिलता है।

स्‍टेप 4

नियमित रूप से व्‍यायाम करने की आदत डालिए। हर रोज कम से कम 20 मिनट तक व्‍यायाम कीजिए। व्‍यायाम करने से रक्‍त का संचार अच्‍छे से होता है और शरीर स्‍वस्‍थ रहता है।

स्‍टेप 5

पीठ के बल लेटकर गहरी सांस लीजिए, इस क्रिया को 10 मिनट तक करने से स्‍तन का दर्द कम होगा और आपको आराम मिलेगा।


पेन किलर दवाइयों को खाने से बचिए। यदि इन टिप्‍स को आजमाने के बाद भी आपके स्‍तनों का दर्द कम नही हो रहा हो तो एक बार अपने चिकित्‍सक से सलाह अवश्‍य लीजिए।

 

 

Read More Articles on Pregnancy Care in Hindi

Write Comment Read ReviewDisclaimer Feedback
Is it Helpful Article?YES24 Votes 12894 Views 0 Comment
संबंधित जानकारी
  • सभी
  • लेख
  • स्लाइडशो
  • वीडियो
  • प्रश्नोत्तर