ऐसें निपटें गर्दन दर्द की समस्या से

By  , ओन्‍ली माई हैल्‍थ सम्पादकीय विभाग
Mar 24, 2015
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Quick Bites

  • सर्वाइकल स्पोंडिलोसिस ही होता है गर्दन दर्द
  • गलत आदतों के कारण हो जाता है गर्दन दर्द
  • व्यायाम और ध्यान दिलाता है दर्द से निवारण
  • ज्यादा परेशानी होने पर चिकित्सक से सलाह लें

प्रतिदिन होने वाली समस्याओं में से गर्दन दर्द या सर्वाइकल स्पोंडिलोसिस भी एक है। आज घंटों डेस्क के काम करना हमारी मजबूरी बन गया है, ऐसे में गर्दन दर्द लगभग कामन कोल्ड जितना सामान्य होता जा रहा है। वैसे तो यह समस्या सामान्य होती है, लेकिन कुछ परिस्थितियों में यह गंभीर रूप भी ले लेती है। गर्दन दर्द किसी पुरानी चोट या स्वास्‍थ्‍य संबंधी जटिलताओं के कारण भी हो सकता है।गलत ढंग से बैठने, लेटकर टीवी देखने या बिस्तर पर टेढ़े लेटने से भी हो जाती है।


neck Pain

गर्दन दर्द के कारण

गर्दन दर्द के कारण सामान्य से जटिल हो सकते हैं, जैसे लंबे सामय तक डेस्क का काम, उठने-बैठने, सोने का गलत पोस्चर या कठोर तकिए का इस्तेमाल, किसी प्रकार की चोट के कारण हड्डियों का अपने स्थान से खिसक जाना, ट्यूमर या मांस पेशियों में मोच,गर्दन के स्पाइन में अर्थराइटिस, भारी वस्तु्ओं को उठाने का काम,तनाव या स्वास्‍थ्‍य संबंधी दूसरी समस्याएं। उम्र का तकाजा होने और तरह तरह की टूट−फूट के कारण गर्दन दर्द के जाल में फंस जाती है। कभी−कभी तंत्रिकाओं के दबने से दर्द कंधों, छाती और बाहों में भी जाने लगता है।  

कैसे करें बचाव

गर्दन दर्द सामान्य प्रकार का दर्द है।  यह दर्द अकसर लम्बे समय तक रहने वाला होता है इसलिए आप ऐसे में घरेलू उपायों या वैकल्पिक चिकित्सा का सहारा ले सकते हैं। गर्दन दर्द की स्थिलति में प्रभावित क्षेत्र पर अधिक ज़ोर पड़ने से दर्द बढ़ जाता है इसलिए तीव्र दर्द होने पर आराम करें। प्रभावित क्षेत्र पर गर्म पानी के वाटर बैग या बर्फ के टुकड़ों से सिंकाई करना भी एक अच्छा् विकल्प है। गर्दन दर्द से बचने के लिए आप एक्यूप्रेशर, एक्यूपंचर, जल चिकित्साव, चुम्बकीय चिकित्सा, योग, मालिश, फीजि़योथेरेपी जैसी वैकल्पि क चिकित्साओं को भी अपना सकते हैं। तेज़ दर्द होने पर दर्द निवारक दवाईयां भी ली जा सकती हैं।


neck pain

अगर आपको लंबे समय से गर्दन में दर्द की शिकायत है, तो व्यायाम या योगा को अपनी आदत में शामिल करें। असहनीय दर्द की स्थिति में, चिकित्सक से परामर्श लेकर उचित उपचार करें क्योंकि चिकित्सा के अभाव में यह समस्या गंभीर रूप ले सकती है।  गर्दन दर्द की समस्या किसी खास उम्र के लोगों को नहीं होती है। अब इस समस्या से सिर्फ 40 साल के आस-पास के लोग ही पीडि़त नहीं होते हैं, बल्कि आजकल यह परेशानी युवा वर्ग के लोगों में भी देखने को मिलती है।

गर्दन दर्द को गंभीरता से लेना चाहिए। साथ ही अपनी आदतों में सुधार लाएं। ये दर्द में आराम देगी।

Image Courtesy@GettyImages

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