फेफड़ों के कैंसर में कैसे रहे

By  , ओन्‍ली माई हैल्‍थ सम्पादकीय विभाग
Apr 20, 2012
Comment

Subscribe for daily wellness inspiration

Like onlymyhealth on Facebook!

अगर आपको फेफड़ों का कैंसर है,तो आपको इस बात को स्वीकार करना चाहिए। आपको निराश ना होते हुए सकारात्मक सोच रखनी चाहिए। हम आपको कुछ ऐसे टिप्स बता रहे हैं,जिनसे आप लंग कैंसर का सामना कर सकें।


लंग कैंसर का सामना करें



फेफड़े के कैंसर का निदान के बाद आपको मानसिक और शारीरिक रूप से मजबूत होना चाहिए। शुरूआत में आप थोड़े परेशान हो सकते हैं, आपको तनाव भी हो सकता है लेकिन आपको चाहिए कि आप अपनी सभी चिंताओं और डर को निकाल दें। आपको व्यवहारिक होने की जरूरत है। आपको विश्वास रखना चाहिए और इस बात को याद रखना चाहिए कि लंग कैंसर का समय पर इलाज कराने से यह ठीक हो सकता है।



इलाज के विकल्पों को जानें




आपको चाहिए कि सबसे पहले आप लंग कैंसर के बारे में जानें । इसके साथ इसके होने वाले अलग-अलग ट्रीटमेंट के बारे में जानें। आपके डॉक्टर भी लंग कैंसर की स्टेज और टाइप के हिसाब से आपको सबसे अच्छे इलाज के बारे में रू-ब-रू करवा सकते हैं। लंग कैंसर के मुख्य इलाज में कीमोथेरपी, रेडिएशन, सर्जरी, फोटोडायनामिक, और लेजर लाइट थेरेपी।  ये सभी इलाज बहुत ही प्रभावी है और इनमें से किसी एक के उपयोग से जीवन में सुधार किया जा सकता है।



सांस लेने की तकलीफ का सामना कैसे करें




लंग कैंसर का एक बहुत बड़ा नुकसान होता है कि मरीजों को लगातार सांस लेने में दिक्‍कतें आने लगती हैं। यदि आप लंग कैंसर से पीडि़त हैं तो आपको चाहिए कि आप जानें सांस संबंधी समस्‍याओं का कैसे सामना किया जाए जिससे जीवन को आसान बनाया जा सकें। आपको सीखना चाहिए कि कैसे नाक के जरिए धीरे-धीरे सांस लें और छोड़े जिससे आपकी सांस नियंत्रि‍त हो और आप इस समस्‍या से निजात पा सकें।



अपनी जरूरतों को जानें




कोई भी आपके शरीर में बारे में नहीं जान सकता।  ऐसे में आपको जानना होगा कि आपको किस चीज की सबसे अधिक जरूरत है। जैसे आप नींद पूरी कर रहे हैं या नहीं, आप ठीक से खा पा रहे हैं या नही। आप बीच-बीच में आराम कर पा रहे हैं या नहीं। इन सब बातों को लंग कैंसर के मरीजों को जानना जरूरी है।

व्यायाम 2009 में द जनरल ऑफ थोरेसिक आंकालाजी के मुताबिक, रोजाना व्यायाम से आपकी लंग कैंसर से जूझने की क्षमता बढ़ जाती है। व्यायाम के दौरान आपको चेस्ट प्रेस, ओवररो बेंट, ट्राइसेप्स इत्यादि मसल्स की एक्सरसाइज करनी चाहिए जिससे आपके लंग्स की स्थिति में सुधार आ सकें। कुछ एरोबिक एक्सरसाइज जैसे वॉकिंग, साइक्लिंग, डांसिंग और स्वीमिंग इत्यादि आपके हार्ट और लंग फंक्शन में सुधार ला सकती हैं।



योगा




योगा में ब्रीथिंग तकनीक्स आपके लंग्स में सुधार ला सकती हैं और आपको कैंसर से लड़ने में भी मदद करती हैं। ब्रीथिंग एक्सरसाइज में आपको धीरे-धीरे सांस लेने, छोड़ने इत्यादि की प्रक्रियाएं करनी चाहिए। ब्रीथिंग एक्सरसाइज से आपके लंग्स के हिस्सों को इम्प्रूव करने में मदद मिलती है। साथ ही फेफड़ों को अधिक ऑक्सी‍जन मिल पाती है।



सोशल सपोर्ट भी है जरूरी




कैंसर में लाभ पाने के लिए आपका भावनात्मक रूप से मजबूत होना जरूरी है। ऐसे में आपको अपने परिवार, दोस्तों और सहयोगियों की जरूरत होती है। ये लोग अपनी उपस्थिति से आपके जीवन में बहुत बड़े बदलाव कर सकते हैं। आप कोई बड़ा लंग कैंसर सपोर्ट ग्रुप ज्वॉइन कर सकते हैं जो आपको अपने विचारों और दूसरों के साथ बांटने का मौका देता है। आपको दूसरों के विचारों को भी जानने का मौका मिलेगा जो आपकी ही तरह कई समस्याओं को फेस कर रहा है। आपको सभी के विचारों को जानकर सकारात्मक व्यवहार अपनाना चाहिए।

Write Comment Read ReviewDisclaimer Feedback
Is it Helpful Article?YES11959 Views 0 Comment
संबंधित जानकारी
  • सभी
  • लेख
  • स्लाइडशो
  • वीडियो
  • प्रश्नोत्तर