केराटिन हेयर ट्रीटमेंट कराने जा रही है तो ये पढ़े

By  , ओन्‍ली माई हैल्‍थ सम्पादकीय विभाग
Sep 12, 2016
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Quick Bites

  • केराटिन नामक प्रोटीन से ही होता है बालों और नाखूनों का निर्माण।
  • बालों को मजबूत और चमकदार बनाता है केराटिन हेयर ट्रीटमेंट।
  • स्थायी रुप से सीधा और लंबा नहीं किया जा सकता है।
  • आपको स्किन सोरायसिस है तो केराटिन ट्रीटमेंट न कराएं।

घने और सीधे बालों की चाहत सभी महिलाओं को होती है। ऐसे में वे केराटिन हेयर ट्रीटमेंट कराती है। केराटिन मानव शरीर में पाए जाने वाले उस प्रोटीन समूह का नाम है जो बाल, त्वचा और नाखून का निर्माण करता है। मानव शरीर में जो ठोस सरंचना है वो केराटिन प्रोटीन के कारण ही है। ये ट्रीटमेंट रिबॉडिंग और स्मूदनिंग से अलग माना जाता है। इससे बालों को मजबूती मिलती है और उन्हें संवारना आसान हो जाता है।इससे आपके बाल बहुत शाइन करते है और बाल मजबूत बनते है। इस बारे में आग जानते है।

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केराटिन हेयर ट्रीटमेंट क्या होता है?

आजकल हेयर सैलून बालों को स्ट्रेट, मुलायम और चमकदार बनाने के लिए कृत्रिम रूप से केराटिन को विकसित करते है। इससे बालों को कई तरह के स्टाइल और शेप दिए जाने लगे हैं। बड़े शहरों में इन दिनों केराटिन हेयर ट्रीटमेंट पूरी तरह से एक केमिकल ट्रीटमेंट है। इसमें फॉर्मल्डिहाइड, कंडीशनर और केराटिन से बालों को सीधा, नर्म और मुलायम बनाए जाता है। फॉर्मल्डिहाइड से बाल लंबे समय तक नर्म और मुलायम बने रहते हैं। दूसरी तरफ केराटिन बालों को मजबूत बनाता है, बालों को झड़ने और टूटने से रोकता है।केराटिन हेयर ट्रीटमेंट से, हालांकि, बालों को स्थायी रुप से सीधा और लंबा नहीं किया जा सकता है। हर चार महीने के बाद फिर से ट्रीटमेंट कराना पड़ता है। इस ट्रीटमेंट से आपके बाल ना केवल स्‍मूथ, शाइनी और फ्रिज फ्री हो जाते हैं बल्कि स्‍ट्रेट, अननेचुरेल लूकिंग, पोकर-स्‍ट्रेट भी हो जाते हैं।

क्या होता है इसका तरीका


इस ट्रीटमेंट की प्रकिया 2-2.30 घंटे ले लेती है। हैयर स्टाइटिलिश आपके बालों को सबसे पहले वॉश करके उसे अच्छे से सुखाता है। उसके बाद केराटिन हेयर स्ट्रेटनिंग प्रोडक्ट लगाते हैं और फिर इसे सूखने के लिए सपाट आइरन से बालों को गर्म करते हैं। इससे बाल सीधे और मजबूत हो जाते है। ट्रीटमेंट के बाद आप तीन-चार दिन से पहले अपने बालों को नहीं धो सकते हैं, क्योंकि इसमें प्रयुक्त किए गिए केमिकल सॉल्युशन्स को काम करने में समय लगता है।तीन-चार दिनों के बाद बालों को धोने के लिए आपको सोडियम सल्फेट फ्री शैंपू का इस्तेमाल करना होगा, क्योंकि इसी शैंपू के लगाने से ट्रीटमेंट का असर दो महीने तक कायम रहेगा।

ट्रीटमेंट के फायदे-नुकसान

इस ट्रीटमेंट से बालों को पूरा पोषण भी मिलता है व बालों की जड़ें मजबूत बनती है | यह प्रदूषण से बालों को सुरक्षा प्रदान करता है और बालों को फिर से स्वस्थ बनाने में मदद करता है | इसके इस्तेमाल से बालों में प्राकृतिक रूप से चमक आती है | और बाल साफ्ट बनते हैं | हेयर स्केल्प ट्रीटमेंट रूसी, ड्राई स्कैल्प व बाल झड़ने की समस्या को बहुत हद तक नियंत्रित करने में अहम भूमिका निभाता है | लेकिन केराटिन ट्रीटमेंट पूरी तरह से सेफ नहीं है। इससे आपके बालों की कुदरती चमक और कालापन जा सकता है। अगर आपके बाल नार्मल और सीधे हैं तो आपको इस ट्रीटमेंट की उतनी जरुरत नहीं है बशर्ते आपको मॉडलिंग या पार्टी में नहीं जाना हो तो।

केराटिन ट्रीटमेंट से पहले त्वचा रोग विशेषज्ञ से सलाह लें। अगर आपको स्किन सोरायसिस है तो केराटिन ट्रीटमेंट न कराएं।

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