कुछ सामान्‍य चिकित्‍सीय मिथ जिन पर कई लोग करते हैं विश्वास

By:Rahul Sharma, Onlymyhealth Editorial Team,Date:Sep 12, 2014

हेल्‍थ संबंधी जानकारी के लिए सब्‍सक्राइब करें

Like onlymyhealth on Facebook!

लोगों के बीच स्वास्थ्य को लेकर कई प्रकार के मिथ और भ्रम होते हैं, जिनके चलते खान-पान के तरीके और संम्पूर्ण स्वास्थ्य पर कई प्रकार से नकारात्मक प्रभाव पड़ता है।
  • 1

    सामान्‍य चिकित्‍सीय मिथ

    अच्छे स्वास्थ्य के लिए लोग कई नुस्खे आजमाते हैं। लेकिन सेहत के नाम पर हम लोगों के बीच कई तरह के मिथ और भ्रम भी पनपते रहते हैं। ये भ्रम और मिथ हमारी शारीरिक संरचना या किसी बीमारी के लक्षणों से जुड़े होते है। हमारे खान-पान के तरीके और संम्पूर्ण स्वास्थ्य को ये मिथ प्रभावित करने लगते हैं। जो, सेहत के लिए बिल्कुल अच्छी बात नहीं है। तो चलिये जाने ऐसे ही दस सामान्‍य चिकित्‍सीय मिथ और बचाएं खुद को इनका शिकार होने से।
    Image courtesy: © Getty Images

  • 2

    अंग चटखाने से होता है आर्थराइटिस

    कई लोग मानते हैं कि उंगलियों या शरीर के अन्य अंगों को चटखाने से आर्थराइटिस की समस्या हो जाती है। हालांकि इस बात में कोई दम नहीं और आज तक किसी शोध या केस स्टडी में यह बात प्रमाणित नहीं हो पाई है।
    Image courtesy: © Getty Images

  • 3

    विटमिन खाने से उम्र बढ़ती है

    विटामिन की गोलियां आपकी उम्र नहीं बढ़ा सकतीं। बल्कि इन्हें अधिक सेवन से स्वास्थ्य जोखिम पैदा हो जाते हैं। कोपेनहेगन युनिवर्सिटी के एक शोध के अनुसार, विटामिन ए का अधिक सेवन मृत्यु के खतरे को 16 प्रतिशत तक बढ़ा सकता है। इन्हें ज्यादा लेने से शरीर में टॉक्सिंस तक हो जाते हैं।
    Image courtesy: © Getty Images

  • 4

    रोज शौच न जाना अस्वस्थता की निशानी नहीं

    यह दरअसल आधा ही सच है कि रोजाना शौच जाना साफ पेट की निशानी है और अगर आप रोज शौच नहीं जा रहे हैं तो संभवतः आपको कब्ज या अन्य कोई बीमारी हो सकती है। लेकिन अध्ययन बताते हैं कि यदि कोई व्यक्ति सप्ताह में 3 बार भी शौच जाता है तो उसे स्वस्थ माना जाता है।
    Image courtesy: © Getty Images

  • 5

    दिन में आठ गिलास पानी जरूर पीना चाहिए

    ये जरूरी नहीं कि सिर्फ पानी के रूप में ही आप लिक्विड लें। आप फ्रूट जूस, छांछ, ग्रीन टी के जरिए भी लिक्विड ले सकते हैं। इसके अलावा सिर्फ आठ गिलास पानी पीने से आपकी सेहत में कोई जादूई बदलाव नहीं होता। बल्कि जरूरत से ज्यादा पानी पीने से हाइपोनेट्रेमिया और वॉटर इनटॉक्सिकेशन भी हो सकता है।
    Image courtesy: © Getty Images

  • 6

    अविवाहितों का यौन जीवन बेहतर होता है

    खाससौर पर पश्चिम में बहुत से लोग मानते हैं कि शादीशुदा लोगों की तुलना में सिंगल्स का भावनात्मक और सेक्स जीवन अधिक बेहतर होता है। जबकि शोधों के परिणाम इस धारणा से उलट हैं। एक अध्ययन के अनुसार शादीशुदा लोग भावनात्मक तौर पर ज्यदा बेहतर होते हैं। यही नहीं शादीशुदा लोगों के मुकाबले अविवाहितों को शारीरिक संतुष्टि का अहसास भी कम होता है।
    Image courtesy: © Getty Images

  • 7

    दूध पीने से कफ बनता है

    यह बात वैज्ञानिक तौर पर प्रमाणित नहीं हुई है। एक शोध में देखा गया कि जिन मरीजों को दूध पीने से बलगम बना उन्हें वायरल बुखार था, और उनमें से कुछ ने स्वेच्छापूर्वक काफी मात्र में दूध पिया। दूध पीने वाले मरीजों में से किसी के शरीर में न कफ बना और न ही इस वजह से कंजेशन (रक्तसंकुलता) हुई।
    Image courtesy: © Getty Images

  • 8

    चीनी के सेवन से बच्चे उत्तेजित होते हैं

    कई अध्ययन इस बात को सिद्ध कर चुके हैं कि चीनी का सेवन हमारे या बच्चों के व्यवहार को प्रभावित नहीं करता है। तो यह बात वैज्ञानिक तौर पर सरासर गलत है कि चीनी के सेवन से बच्चों के स्वभाव में उत्तेजना आती है।
    Image courtesy: © Getty Images

  • 9

    मोटापे की वजह मेटॉबॉलिज्म धीमा होता है

    यह बात दिमागी उपज के अलावा और कुछ नहीं। क्योंकि यूनिवर्सिटी ऑफ शिकागो में हुई एक शोध से पता चला है कि मोटे लोगों का मेटॉबॉलिज्म तेज होता है और उनमें एनर्जी अधिक पैदा होती है, ताकि उनका मोटा शरीर चलता रहे।
    Image courtesy: © Getty Images

  • 10

    वैसेक्टोमी से सेक्स इच्छा खत्म हो जाती है

    विशेषतौर पर भारत में यह एख बड़ा मिथ है। जिस कारण से ही पुरुषों की नसबंदी महिलाओं के मुकाबले बहुत कम होती है। सेक्स एक्सपर्ट बतातेहैं कि महिलाओं की तुलना में पुरुष की नसबंदी आसान है और यह मिनटों में हो जाती है। इसमें न तो कोई जोखिम होता है, और न ही सेक्स इच्छा पर कोई बुरा प्रभाव होता है।
    Image courtesy: © Getty Images

Related Slideshows
Post Comment
X
Post Your comment
Disclaimer +
Though all possible measures have been taken to ensure accuracy, reliability, timeliness and authenticity of the information; Onlymyhealth assumes no liability for the same. Using any information of this website is at the viewers’ risk. Please be informed that we are not responsible for advice/tips given by any third party in form of comments on article pages . If you have or suspect having any medical condition, kindly contact your professional health care provider.
संबंधित जानकारी
  • सभी
  • लेख
  • स्लाइडशो
  • वीडियो
  • प्रश्नोत्तर