पुरुष ऑर्गेज्‍म के बारे में ये बातें नहीं जानते होंगे आप

By:Pradeep Saxena, Onlymyhealth Editorial Team,Date:Mar 13, 2014

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महिलाओं और पुरूषों में ऑर्गेज्‍म अलग-अलग होता है। महिला की तुलना में पुरूष का ऑर्गेज्‍म बहुत कम समय का होता है। इसी तरह की पुरूषों के ऑर्गेज्‍म से जुड़ी वह बातें जिनसे आप पूरी तरह अनजान है, जानें इस स्‍लाइड शो में।
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    पुरुष ऑर्गेज्‍म से जुड़ा तथ्‍य

    सेक्‍स संबंध में चरम आनंद की प्राप्ति को ऑर्गेज्‍म कहते है। महिलाओं और पुरूषों में ऑर्गेज्‍म अलग-अलग होता है। पुरुष ऑर्गेज्‍म 10 से 13 सेकेंड का होता है जबकि महिलाओं का ऑर्गेज्‍म इससे 10 गुना ज्‍यादा समय तक होता है। पुरूष ऑर्गेज्‍म से जुड़ी वह बातें जिनसे आप पूरी तरह से अनजान है उनके बारे में जानें इस स्‍लाइड शो में। image courtesy : getty images

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    पुरूष स्‍खलन और ऑर्गेज्‍म में अंतर

    पुरूष स्‍खलन और ऑर्गेज्‍म दोनों एक नहीं होता है और न ही दोनों एक ही समय पर होता है। ऑर्गेज्‍म यौन चरमोत्कर्ष,, की अनुभूति होती है और स्‍खलन के बाद होता है, जबकि स्‍खलन वीर्य की रिहाई है। हालांकि यह उल्‍लेखनीय है कि पुरूष बिना स्‍खलन के भी ऑर्गेज्‍म तक पहुंच सकता है। image courtesy : getty images

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    पुरूषों को प्राप्‍त एक ही तरह का ऑर्गेज्‍म

    आमतौर पर महिलाओं को कई तरह से ऑर्गेज्‍म की प्राप्ति होती है लेकिन लगभग 15 से 20 प्रतिशत पुरूषों को ही कई तरह से ऑर्गेज्‍म प्राप्‍त हो पाता है। पुरूषों को इस तरह से ऑर्गेज्‍म की प्राप्ति के लिए थोड़ा ज्‍यादा प्रयास करना पड़ता है। image courtesy : getty images

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    सेक्‍स के लिए दुबारा तैयारी

    पुरूष को दुबारा सेक्‍स करने के लिए तैयार होने पर कितना समय लगता है यह उसकी उम्र, स्‍वास्‍थ्‍य और फिटनेस पर निर्भर करता है। किसी-किसी पुरूष को कुछ मिनट, किसी को एक घंटा या किसी को इससे भी अधिक समय लग सकता है। image courtesy : getty images

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    स्‍खलन का समय

    क्‍या आप कभी सोचते हैं कि आपको बहुत जल्‍दी स्‍खलन होना शीघ्रपतन की समस्‍या हो सकती है। सेक्‍सुअल मेडिसिन इंटरनेशनल सोसायटी में विशेषज्ञों की एक आम सहमति के अनुसार, "स्‍खलन हमेशा एक मिनट के भीतर होता है। हालांकि, इंटरनेशनल क्लासिफिकेशन ऑफ डिजीज (आईसीडी -10) संभोग की शुरुआत से 15 सेकंड के एक कट ऑफ लागू होता है। image courtesy : getty images

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    पुरुष में भी होता हैं जी-स्पोट

    शायद बहुत कम इस बात से वाकिफ है कि महिलाओं की तरह पुरूषों में भी होता है जी-स्‍पोट। पुरूष के प्रोस्‍टेट भी उसकी खुशी बटन की तरह कार्य करते है। इसके अलावा उनका जी-स्‍पॉट अखरोट के आकार की ग्रंथि है जो मूत्राशय के नीचे स्थित होती है। image courtesy : getty images

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    पुरूष ऑर्गेज्‍म का समय

    हालांकि महिलाओं के मुकाबले पुरूष की संभोग के दौरान आर्गेज्‍म तक पहुंचने की संभावना अधिक होती है लेकिन एक महिला की तुलना में पुरूष का ऑर्गेज्‍म बहुत कम समय का होता है। एक अनुमान के अनुसार, आमतौर पर औसत पुरूषों का ऑर्गेज्‍म सिर्फ 10 से 15 सेकंड के लिए ही रहता है। image courtesy : getty images

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    हस्‍तमैथुन में लगने वाल समय

    क्‍या आप इस बात को जानते हैं कि एक पुरूष द्वारा हस्‍तमैथुन पर खर्च करने वाला सबसे लंबा समय क्‍या है? विश्व रिकॉर्ड के अनुसार, हस्‍तमैथुन पर खर्च करने वाला सबसे लंबा समय आठ घंटे और तीस मिनट है। image courtesy : getty images

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    बहुत अधिक मात्रा में स्खलन

    कोई भी पुरुष अपने जीवनकाल में बहुत सारे स्पर्म का निर्माण और स्खलन करता है। एक अनुमान के अनुसार, अधिकतर पुरुष अपने जीवनकाल के दौरान लगभग 53 लीटर तक स्‍खलन करते हैं। image courtesy : getty images

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    पुरूष, महिला आर्गेज्‍म को लेकर हैरान रहते हैं

    जैसे आप अपने साथी के आर्गेज्‍म को लेकर भ्रमित रहते हैं वैसे ही आपका साथी भी रहता है। वास्‍तव में हाल ही इंडिआना यूनिवर्सिटी सेंटर फॉर सेक्सुअल हेल्थ प्रमोशन में हुए एक ताजा अध्‍ययन में पाया कि केवल 64 प्रतिशत महिलाएं ही पिछले सेक्‍सुअल अनुभव के अनुसार ऑर्गेज्‍म तक पहुंचती है, जबकि 85 प्रतिशत पुरूष मानते हैं कि उन्‍होंने अपने पार्टनर ऑर्गेज्‍म तक पहुंचा दिया है। image courtesy : getty images

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    उम्र के साथ ऑर्गेज्‍म बेहतर होता है

    हालांकि यह आपको अटपटा लगेगा, लेकिन यह सच है 20 साल की उम्र की तुलना में 40 साल की उम्र में स्‍पर्म की गुणात्‍मक बेहतर होती है। वैसे तो आप अपने शरीर को बेहतर तरीके से जानते हैं, लेकिन उम्र बढ़ने पर आप और आपका साथी सेक्‍स को लेकर ज्‍यादा कम्फर्टेबल हो जाते हैं। इसके अलावा एक युवा शरीर ऑर्गेज्‍म के लिए बेहतर हो सकता है, लेकिन एक बूढ़ा शरीर आर्गेज्‍म के लिए अधिक प्रशंसा प्राप्‍त करता है। image courtesy : getty images

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