हेल्‍थ संबंधी जानकारी के लिए सब्‍सक्राइब करें

Like onlymyhealth on Facebook!

खाने की पसंद दांतों को कर सकती है प्रभावित

By:Nachiketa Sharma, Onlymyhealth Editorial Team,Date:Sep 22, 2014
खाने में शुगर की अधिक मात्रा होने के कारण और आहार में जरूरी पौष्टिक तत्‍वों की कमी के कारण दांतों की समस्‍यायें बढ़ रही हैं, जंक फूड इसके लिए सबसे अधिक जिम्‍मेदार है।
  • 1

    दांतों की समस्‍यायें

    स्‍वस्‍थ और चमकीले दांत पाने के लिए जरूरी है कि आप अपने खानपान की पंसद का ध्‍यान रखें। क्‍योंकि खानपान का सीधा असर दांतों और मसूड़ों के स्‍वास्‍थ्‍य पर पड़ता है। वर्तमान में दांतों में गड्ढों के मामले बढ़ रहे हैं जिसके लिए सबसे अधिक जिम्‍मेदार शुगर युक्‍त और जंक फूड को माना जा रहा है। इसलिए अगर आप दांतों को स्‍वस्‍थ रखना चाहते हैं तो खाने की पसंद का ध्‍यान रखें।

    images source - getty images

    दांतों की समस्‍यायें
  • 2

    बढ़ रही रोगियों की संख्‍या

    दरअसल शहरों में खानपान में बदलाव आया है। बढ़ रही दांतों और मसूड़ों की बीमारियों का सबसे बड़ा दोषी जंक फूड है। खाने में शुगर की बढ़ती मात्रा बच्चों और युवाओं में दांत और मसूड़ों की बीमारियों का प्रमुख कारण कारण बन रही है। इसके नुकसानदेह नतीजे मधुमेह और दिल के रोग के रूप में देखे जा रहे हैं। दांतों की ये बीमारियां पिछले दो दशक में तेजी से बढ़ी हैं। भारत में 1995 में डायबिटीज के करीब 1.94 करोड़ रोगी होने का अनुमान लगाया गया था जिसकी संख्‍या 2025 तक तिगुनी वृद्धि के साथ 5.72 करोड़ तक पहुंच सकती है।

    images source - getty images

    बढ़ रही रोगियों की संख्‍या
  • 3

    ये हैं प्रमुख कारण

    दंत चिकित्‍सकों की मानें तो दांतों की बढ़ती समस्‍या के लिए खानपान की आदतें सबसे अधिक जिम्‍मेदार हैं। जो लोग शुगर युक्‍त सोडा, शुगर युक्‍त फलों के पेय, और पौष्टिकता रहित आहार का सेवन करते हैं उनमें दांतों की समस्‍या बढ़ने की संभावना कम होती है। अगर खाने में पौष्टिकता की कमी है तो इसके कारण दांतों और मसूड़ों की बीमारी अधिक होती है।

    images source - getty images

    ये हैं प्रमुख कारण
  • 4

    खाने का तरीका

    बच्चों और किशोरों में खाने के पैटर्न और खाने की गलत पसंद के कारण ही दांतों की समस्‍या होती है। जब मुंह में बैक्‍टीरिया शुगर के संपर्क में आते हैं तब दांतों को प्रभावित करने वाले एसिड का निर्माण 20 मिनट तक बढ़ जाता है। इसके कारण दांतों को अधिक समस्‍या होती है।

    images source - getty images

    खाने का तरीका
  • 5

    शुगर युक्‍त आहार

    आप जब किसी ऐसे पदार्थ का सेवन करते हैं जिसमें किसी न किसी रूप में शुगर मौजूद होता है तो वह दांतों को नुकसान पहुंचाता है। दूध, कुछ प्रकार की सब्जियों, में शुगर मौजूद होता है। हालांकि इनका सेवन शरीर के लिए फायदेमंद भी होता है क्‍योंकि इसमें शरीर के लिए जरूरी पौष्टिकता भी होती है। अगर आप इनका सेवन करना नहीं छोड़ सकते हैं तो ऐसी वस्‍तुयें बिलकुल न खायें जिसमें शुगर अधिक होता है। शीतल पेय पदार्थ, कुकीज, कैंडी और पेस्‍ट्री में अधिक शुगर होता है।

    images source - getty images

    शुगर युक्‍त आहार
  • 6

    खाने में पौष्टिकता की कमी

    अगर आपके आहार में पौष्टिक तत्‍वों की कमी है तो इसके कारण संक्रमण रोकने वाले मुंह के ऊतकों के लिए संक्रमण रोकना कठिन हो सकता है। इसकी वजह से पेरीडोंटल रोग हो सकता है। इस रोग के कारण युवावस्‍था में ही दांत गिरने लगते हैं। कुछ शोधों में यह बात सामने आयी है कि सीधे तौर पर यह दांतों को नुकसान नहीं पहुंचाता, लेकिन अगर खाने में पौष्टिक तत्‍वों की कमी रहे तो इस बीमारी के फैलने की संभावना बढ़ जाती है।

    images source - getty images

    खाने में पौष्टिकता की कमी
  • 7

    संतुलित आहार खायें

    अगर आप दांतों की समस्‍याओं से बचना चाहते हैं तो संतुलित आहार का सेवन कीजिए। दुग्‍ध उत्‍पाद में पनीर, हेल्‍दी स्‍नैक्‍स, कच्ची हरी सब्जियां, सादी दही, ताजे फलों का सेवन जरूर करें। संतुलित आहार मुंह के लार के प्रभाव को बढ़ाता है और दांतों के लिए नुकसानदेह एसिड के प्रभाव को भी कम करता है।

    images source - getty images

    संतुलित आहार खायें
  • 8

    दांतों की देखभाल जरूरी

    खानपान की आदतों के अलावा दांतों को समस्‍याओं से बचाने के लिए जरूरी है कि दांतों की सही तरीके से देखभाल करें। दिन में कम से कम दो बार ब्रश करें, खाने के बाद कुल्ला करें, गले और मुंह को पानी से धोने से ही मुंह की काफी समस्याएं घट जाती हैं। बच्‍चों में दांत की समस्याएं बोतल से दूध पिलाने के कारण होती हैं क्योंकि दूध में चीनी की अधिक प्रयोग किया जाता है, इसका भी ध्‍यान रखें।

    images source - getty images

    दांतों की देखभाल जरूरी
Load More
X
संबंधित जानकारी
  • सभी
  • लेख
  • स्लाइडशो
  • वीडियो
  • प्रश्नोत्तर
Disclaimer +
Though all possible measures have been taken to ensure accuracy, reliability, timeliness and authenticity of the information; Onlymyhealth assumes no liability for the same. Using any information of this website is at the viewers’ risk. Please be informed that we are not responsible for advice/tips given by any third party in form of comments on article pages . If you have or suspect having any medical condition, kindly contact your professional health care provider.