ये चार किस्म के स्ट्रेचेस अवश्य करें

By:Meera Roy, Onlymyhealth Editorial Team,Date:May 16, 2016

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अगर आपका शरीर बैठे-बैठे अकड़ गया है और आपको कंधे से लेकर कमर और घुटने तक का दर्द देता है तो ये चार तरह के स्ट्रचिंग उपाय अपनाइए।
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    चार किस्म के स्ट्रेचेस

    क्या आपको पता है कि आपके कंधे या गर्दन में हो रहे दर्द की वजह क्या है? हो सकता है कि आपका शरीर अकड़ गया हो। जिसके चलते आप अपने हाथ पैर सही से हिला नहीं पा रहे। हो सकता है कि शारीरिक गतिविधि न होने चलते शरीर जाम हो गया है? जी, हां! यदि हम अपने शरीर को नियमित किसी न किसी तरह की गतिविधियों में लिप्त नहीं रखते तो हम हर समय किसी न किसी तरह के दर्द से पीड़ित रहते हैं। ऐसे में जरूरी है कि हम स्ट्रेच का सहारा लें। यहां हम ऐसे चार किस्म के स्ट्रेचों की चर्चा करेंगे जिनसे आप दर्द को दूर भगा सकते हैं। साथ ही अगर आपको लगता है कि दर्द से राहत सिर्फ स्ट्रेच के जरिये हासिल किया जा सकता है तो यह सरासर गलत है। जरूरी है कि आपके शरीर को आवश्यक सप्लीमेंट भी मिले ताकि आप अंदरूनी तरीके से स्वस्थ हों। स्वस्थ रहने से दर्द आदि समस्याएं आसपास भी नहीं मंडराती। थकान के कारण हो रहे दर्द में स्ट्रेच मददगार होते हैं।

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    पीठ दर्द

    यदि आपके पीठ में दर्द है तो इसके लिए सिर्फ पीठ को दोष देना सही नहीं है। शरीर में नियमित रूप से हो रहे दर्द की असली वजह है कि हमारे शरीर में लचीलापन खत्म हो गया है। पीठ दर्द से मुक्ति के जरूरी है कि शरीर में लचीलापन लाएं। रिएक्ट फिजिकल थैरेपी के संस्थापक डैविड रीवी के मुताबिक स्ट्रेच का पीठ दर्द से गहरा ताल्लुक है। जिन्हें अकसर पीठ दर्द की शिकायत रहती है वे जरा अपनी जीवनशैली पर एक नजर दौड़ाएं। बहुत संभव है कि वे अपनी जगह से उठने का कष्ट भी नहीं करते। ऐसे लोगों को जरूरी है कि वे विशिष्ट किस्म के एथलीट का सहारा लें। इसके अलावा आप चाहें तो स्वीमिंग करने की तरह स्ट्रेचेस भी कर सकते हैं। वैसे तो स्वीमिंग दर्द निवारक उपचार के रूप में बेहतर विकल्प है। बहरहाल जब भी आपको वजन कम करना हो तो स्वीमिंग करें। स्वीमिंग करने से शरीर में लचीलापन तो आता ही है साथ ही दर्द से भी मुक्ति मिल जाती है।

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    घुटने में दर्द

    हम यदि अपने शरीर में किसी की सबसे ज्यादा अवहेलना करते हैं तो वह है हमारे पैर। जबकि देखा जाए तो हमारे पैर हर समय हमारा वजन ढोते हैं और शायद सबसे ज्याद मेहनत भी करते हैं। इसके बावजूद हम इसकी अनदेखी करते हैं। बहरहाल एढ़ी या पैर के तलवे में मसल्स के कारण दर्द हो सकता है। घुटनों में हो रहे दर्द की वजह लगातार चलना, खड़े रहना आदि हो सकता है। पैरों को आराम देने के लिए आपको चाहिए कि आप खास किस्म के स्ट्रेच करें। इसके लिए आपके अपने घुटने के बैठते हुए पैरों की अंगुलियों पर पूरा जोर देना है। ऐसा करने से आपके पैर की अंगुलियां मुड़ती है जिससे पैर स्ट्रेच होते हैं। इससे उन्हें आराम महसूस होता है। इसके आद चूंकि घुटने के बल बैठे हैं तो जांघ से लेकर घुटना भी स्ट्रच अवस्था में होता है। अपने हाथों को अपने घुटनों पर रखें और लीन अवस्था में बैठें। ध्यान रखें कि आपकी कमर सीधी हो। ऐसा आप 20 से 60 सेकेंड तक करें। यही नहीं स्ट्रेच के साथ साथ सही सप्लीमेंट की आवश्यकता होती है।

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    निचले कमर में दर्द

    निचले कमर में दर्द का एहसास तभी होता है जब आपके नितंब में दर्द या अकड़न हो। यही नहीं निचले कमर से जुड़े मसल्स भी दर्द से भरे रहते हैं। इस दर्द से मुक्ति के लिए आपको इस तरह स्ट्रेच करना होगा ताकि कमद, पीठ और नितंब तीनों प्रभावित हों। इस स्ट्रेच को किंग कोबरा स्ट्रेच के नाम से जाना जाता है। सबसे आप उल्टा लें। इसके बाद ऊपरी हिस्से को जरा से उठाएं। चेहरे को हल्का सा बायीं ओर करें और बाएं पैर को ही नितंब के पास उठाकर ले जाएं। ध्यान रखें कि पैर जमीन पर टिका हुआ हो और शरीर का ऊपरी भाग जमीन से उठा हुआ। ऐसा करने से आपके घुटने, कमर, पैर, सब स्ट्रेच होते हैं। याद रखें कि आपकी कुहनी भी उठी हुई होगी जिसके सहारे आपके शरीर का ऊपरी भाग उठा हुआ होगा। इस तरह आपको नियमित 20 से 25 सेकेंड तक करना चाहिए। ऐसा करने से पीठ का दर्द तो खत्म होता है ही साथ ही पेट सम्बंधी दर्द से भी निजात मिलता है।

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    कंधे में दर्द

    कंधे को नजरंदाज करना कतई समझदारी नहीं है। कंधे में वास्तव में बाल एंड साकेट ज्वाइंट होता है। इसके स्ट्रेचिंग के लिए आप चाहें तो एक बड़े बाल का सहारा ले सकते हैं। बाल को अपने सामन रखें। घुटने के बल बैठकर बाल पर हाथ रखें और पूरी तरह स्ट्रेच करें। अपने सिर को नीचे जमीन की ओर झुकाएं रखें। ऐसा करने से हाथ सहित कंधे की हड्डियां भी स्ट्रेच होंगी। ऐसा तकरीबन 30 सेकेंड तक करें। कई बार करें। ऐसा करने से कंधा, पीठ आदि कई शरीर के अंग प्रभावित होते हैं। इसे असल में लैट स्ट्रेच कहा जाता है।

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