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यीस्ट संक्रमण से बचने के लिए अपनी आदतें बदलें

By:Pooja Sinha, Onlymyhealth Editorial Team,Date:Jun 07, 2014
शरीर की प्रणाली असंतुलित होने पर यीस्‍ट की समस्‍या होती है। इसमें योनि में जलन, खुजली, गाढ़ा सफेद डिस्चार्ज आदि की समस्‍या होने लगती है। लेकिन अपनी कुछ आदतों को बदलकर आप इस समस्‍या से आसानी से छुटकारा पा सकती हैं।
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    यीस्‍ट संक्रमण

    शरीर में यीस्‍ट के बहुत अधिक बढ़ जाने से बहुत सी महिलाओं को यीस्‍ट संक्रमण की समस्‍या हो जाती है। आमतौर पर यह तभी होता है जब आपके शरीर की प्रणाली असंतुलित हो जाती है। और आपके शरीर में जीवाणु और यीस्ट का संतुलन बिगाड़ कर यीस्ट को बहुत अधिक बढ़ा देता है। यीस्ट इन्फेक्शन में खुजली और दर्द होता है लेकिन इसका इलाज आसान है और जल्दी ही इससे छुटकारा भी मिल जाता है।

    यीस्‍ट संक्रमण
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    यीस्‍ट संक्रमण कैसे होता है?

    आमतौर पर डायबिटीज के मरीजों को हाई ब्लड शुगर की वजह से यीस्ट इन्फेक्शन की समस्या होती है। एचआईवी पॉजिटिव होने पर डॉक्टर द्वारा दी गई एंटीफंगल दवाओं के कारण भी यीस्ट इन्फेक्शन होने की संभावना बढ़ जाती है। इसके अलावा ज्‍यादा चीनी के सेवन व इम्यून सिस्‍टम की कमजोरी के कारण भी यीस्‍ट संक्रमण बढ़ जाता है।

    यीस्‍ट संक्रमण कैसे होता है?
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    यीस्ट संक्रमण के लक्षण क्या हैं?

    योनि या इसके आसपास खुजली, गाढ़ा सफेद डिस्चार्ज, पेशाब करते वक्त या सेक्स के दौरान योनि में जलन और दर्द, योनि  के आस पास की त्वचा का लाल होना, बदबूदार डिस्चार्ज आदि इसके लक्षण है। लेकिन जब यह बहुत अधिक बढ़ जाता है तो इन जगहों पर खुजली और तकलीफदेह लक्षण नजर आने लगते हैं। यीस्ट इन्फेक्शन के बहुत अधिक बढ़ जाने पर इन जगहों पर खुजली और तकलीफदेह लक्षण नजर आने लगते हैं। लेकिन अपनी कुछ आदतों को बदलकर आप इस समस्‍या से आसानी से छुटकारा पा सकती हैं।

    यीस्ट संक्रमण के लक्षण क्या हैं?
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    यीस्‍ट संक्रमण से बचाव

    संक्रमण होने पर बिना किसी शर्म या संकोच के फौरन स्त्री रोग विशेषज्ञा से मिलकर इस को को सुनिश्चित करें कि योनि में खुजली या जलन की असली वजह क्या है। क्‍या यह वाक्‍य में यीस्‍ट संक्रमण है।

    यीस्‍ट संक्रमण से बचाव
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    एंटीबायोटिक का ज्‍यादा इस्‍तेमाल न करें

    एंटीबायोटिक के अधिक इस्‍तेमाल से भी यीस्‍ट संक्रमण की समस्‍या होती है, इसलिए जब तक सही में इनकी जरूरत न हो एंटीबायोटिक दवाओं का इस्‍तेमाल ना करें। अगर दवाएं लेनी भी पड़ें तो डाक्‍टर की सलाह जरूर लें।

    एंटीबायोटिक का ज्‍यादा इस्‍तेमाल न करें
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    कंडोम का इस्‍तेमाल

    यीस्‍ट संक्रमण सेक्‍स संबंध से भी फैल सकता है, इसलिए अगर आप या आपका साथी दोनों में से कोई भी इससे पीड़‍ित हो तो सेक्‍स के समय बिना हार्मोन वाले गर्भनिरोधक उपायों, जैसे कंडोम, आईयूडी डायाफ्राम विधियों का प्रयोग करें और ओरल सेक्‍स से परहेज करें। इसके अलावा अपने साथी को सेक्‍स से पहले अपने प्राइवेट पाट्र को और हाथों को अ‍च्‍छी तरह धोने के लिए कहें।

    कंडोम का इस्‍तेमाल
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    साफ-सफाई का ध्‍यान रखें

    योनि के अंदरूनी और बाहरी हिस्सों को अच्छी तरह धोएं, जहां यीस्ट के पनपने की संभावना सबसे अधिक होती है। शॉवर या स्नान करने के बाद अपनी योनि के आस-पास की जगह को अच्छी तरह सुखाएं। टायलेट के प्रयोग के बाद योनि से गुदा तक अच्छी तरह सुखाएं। ऐसी जगह पर कठोर साबुन, परफ्यूम या टाल्कम पावडर का प्रयोग न करें।

    साफ-सफाई का ध्‍यान रखें
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    उचित अंडरगारमेंट

    बहुत तंग और सिंथेटिक कपड़े से बने अंडरगारमेंट ना पहनें क्‍योंकि इससे यीस्‍ट संक्रमण के बढ़ने का खतरा बढ़ जाता है।  इसकी बजाय सूती कपड़े से बने अंडरगारमेंट पहनें। साथ ही साफ अंडरगारमेंट पहनें। और अपने अंडरगारमेंट को गर्म पानी से धोएं।

    उचित अंडरगारमेंट
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    ड्राई सेक्स से बचें

    अगर आपको योनि में सूखापन महसूस होता है तो सेक्‍स करते समय पानी में घुलने वाली चिकनाइयों का प्रयोग करें।  स्पर्मीसाइड्स का प्रयोग न करें क्‍योंकि इससे यीस्‍ट संक्रमण की समस्‍या बढ़ सकती है।

    ड्राई सेक्स से बचें
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    दही का सेवन

    यीस्‍ट संक्रमण से बचने के लिए दही को अपने आहार में शामिल करें। इसमें यीस्‍ट से लड़ने वाला लैक्टोबेसिलस एसिडोफिलस नामक लाभकारी जीवाणु होते हैं। इसके अलावा क्रेनबेरी जूस की भी अधिक मात्रा लेनी चाहिए। यह योनि को एसिडिक बनाने के साथ यीस्ट के प्रति प्रतिरोधी भी बनाता है।

    दही का सेवन
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    चीनी का कम सेवन

    कुछ महिलाओं में चीनी और शराब का सेवन यीस्‍ट संक्रमण को बढ़ाने वाला शक्तिशाली भोजन माना जाता है। क्‍योंकि यीस्ट एक ऐसा जीव है, जो शरीर में मौजूद अतिरिक्त शुगर पर जिंदा रहता है। इसतरह से आहार में बहुत अधिक चीनी का इस्तेमाल यीस्ट इन्फेक्शन का कारण बन सकता है। यीस्‍ट संक्रमण होने पर चीनी का इस्‍तेमाल लगभग बंद कर देने यीस्ट अपने आप खत्‍म हो जाता है। इसलिए जहां तक सभंव हो सॉफ्ट ड्रिंक्स, कैंडी, कुकीज आदि से परहेज करें।

    image courtesy : getty images

    चीनी का कम सेवन
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