वभिन्न शारीरिक समस्याओं के इलाज के लिए यंत्र और युक्तिय हुई इजात

By  , ओन्‍ली माई हैल्‍थ सम्पादकीय विभाग
Feb 04, 2011
Comment

हेल्‍थ संबंधी जानकारी के लिए सब्‍सक्राइब करें

Like onlymyhealth on Facebook!

Quick Bites

  • खून की चंद बूदों की एक साधारण सी जांच से ऑटिज्म का निदान। 
  • खर्राटे लेने वाले लगों को एक स्प्रे दिलाएगा इस स्समया से निजात।
  • नए उपकरण की मदद से किडनी और हार्ट के लिए बनेंगे बायोप्रिंट। 
  • प्रिंटर में प्लास्टिक व मेटल की जगह जीवित टिशू आएंगे प्रयोग।

दुनिया भर के 50 विश्वविद्यालयों के वैज्ञानिकों और डॉक्टरों की मदद से एक ऐसी किट तैयार की गई है जो खून की जांच कर यह बता सकेगी कि बच्चे को ऑटिज्म रोग है या नहीं। इस विशेष किट की मदद से डॉक्टर बच्चे के खून की चंद बूदों की एक साधारण सी जांच कर बता सकेंगे कि बच्चे को ऑटिज्म रोग है जिसके बाद उसके उपचार में भी तेजी लाई जा सकेगी। ब्रिटेन के प्रसिद्ध ऑक्सफोर्ड विश्वविद्यालय के अनुसंधानकर्ताओं ने कहा है कि यह किट मरीजों के लिए बेहद मददगार होगी। चलिये विस्तार से जानें कि ये किट क्या है और कैसे काम करती है।

 

 

अब तक के इस सबसे बड़े अध्ययन में विश्व के 50 से अधिक विश्वविद्यालयों के 120 से अधिक वैज्ञानिकों और डॉक्टरों ने लगभग 2300 बच्चों को शामिल किया था। इन बच्चों में से 1000 से ज्यादा बच्चे रोग से ग्रस्त तथा 1300 सामान्य थे। अध्ययन के दौरान पता चला कि ऑटिज्म से ग्रस्त बच्चों के डीएनए बदल जाते हैं और उनके सामान्य कामकाज को प्रभावित करने लगते हैं।

 

 

scientist in lab

 

 

खर्राटे रोकने का असरदार साइलेंस स्प्रे

अगर आप अपने घर के किसी सदस्य के खर्राटों से परेशान हैं तो अब इसका त्वरित समाधान उपलब्ध है। मोदी ओमेगा फार्मा (इंडिया) प्राइवेट लिमिटेड ने अपना पहला फ्लैगशिप उत्पाद साइलेंस पेश किया है। यह एक अभिनव और अपनी तरह का खर्राटा रोकने वाला पहला स्प्रे है। कंपनी की तरफ से यह पहली औपचारिक उत्पाद पेशकश है।

 

 

एक विस्तृत अनुसंधान के बाद पाया गया कि खर्राटा लेना एक बेहद सामान्य बात है और सांस लेने के दौरान हवा में होने वाले उतार-चढाव के कारण गले के टिशू की कंपन से खर्राटे आने लगते हैं। उम्र, अत्यधिक वजन, धूम्रपान और शराब के सेवन के कारण खर्राटा लेना बढता है और इसके परिणाम संबंधों में तनाव और थकान जैसे बुरे हो सकते हैं। साइलेंस पुदीने के फ्लेवर वाला स्प्रे है और इसका एक अनूठा बायो ऐडहेसिव फॉर्मूला है। इससे यह गले के टिशू पर सारी रात बना रहता है और खर्राटे की आवाज को कम कर देता है। इस स्प्रे के नियमित उपयोग से गले के टिशू स्थिर हो जाते हैं और खर्राटे की आवाज कम हो जाती है।

 

 

scientist in lab

 

 

एसिडिटी के लिए नया पुदीन हरा लेमन फिज

बरसों से एसिडिटी और गैस से राहत दिलाने वाला पुदीन हरा अब नए लेमन फिज स्वाद में पेश किया गया है। इस नए पुदीन हरा के गुण वही होंगे, लेकिन पुदीन हरा लेमन फिज के साथ अब नीबू के सनसनाते बुलबुलों में पुदीन हरा की डबल शक्ति पाई जा सकती है। नया पुदीना लेमन फिज न केवल एसिडिटी और गैस जैसी समस्याओं से राहत देता है बल्कि यह लेमनी स्वाद तरोताजा करने वाला होता है। 5 ग्राम के सैशे वाला पुदीन हरा लेमन फिज सिर्फपांच रुपये प्रति सैशे की कीमत में मौजूद है।

 

बायोप्रिंटर बनाएगा किडनी और हार्ट

कल्पना कीजिए कि किसी की किडनियां फेल हो जाएं तो वह किसी डोनर को खोजने के बजाय अपने लिए नई किडनियां प्रिंट करा ले। जल्द ही यह बात हकीकत होगी। अमेरिकी वैज्ञानिकों ने ऐसा बायोप्रिंटर बनाने का दावा किया है जो जरूरत के मुताबिक इंसानी अंग बना सकेगा। कैलिफोर्निया स्थित रीजेनेरेटिव मेडिसिन कंपनी ओरगानोवो ने इसी तरह की एक प्रोटोटाइप मशीन डेवलप की है जो खून की नलियां उगाने में कामयाब है। इसी से वैज्ञानिकों में उम्मीद जागी है कि एक दिन वे नए अंग भी उगा सकेंगे। यह मशीन थ्रीडी लेजर प्रिंटिंग तकनीक पर आधारित है।

 

 

फिलहाल इसकी मदद से मशीनों के पार्ट बनाए जाते हैं। लेकिन बायो प्रिंटर में प्लास्टिक और मेटल का इस्तेमाल करने की जगह जीवित टिशू प्रयोग किए जाएंगे। इसके लिए दो लेजर बेस्ड प्रिंटिंग हेड जीते जागते सेल्स को जेल की बनी पतली शीट पर रखेंगे। जरूरत के हिसाब से बने ढ़ांचे में उनकी एक के ऊपर एक परतें भी बनती जाएंगी। इसके बाद ये सेल्स आपस में जुड जाएंगे।

 

कंपनी के चीफ एक्जीक्यूटिव कीथ मर्फी का कहना है, डॉक्टरों और सर्जनों के काम में सबसे बडी मांग होती है कि उन्हें जरूरत के हिसाब से अलग-अलग टिशू मिल जाएं। यह काम बायो प्रिंटर की मदद से सबसे बेहतर तरीके से किया जा सकता है। इसकी कल्पना को हकीकत में बदलने के लिए शोधकर्ताओं ने ऐसा प्रिंटर बनाने का काम शुरू किया है।

 

Write a Review
Is it Helpful Article?YES2 Votes 11143 Views 0 Comment
प्रतिक्रिया दें
disclaimer

इस जानकारी की सटिकता, समयबद्धता और वास्‍तविकता सुनिश्‍चित करने का हर सम्‍भव प्रयास किया गया है । इसकी नैतिक जि़म्‍मेदारी ओन्‍लीमाईहैल्‍थ की नहीं है । डिस्‍क्‍लेमर:ओन्‍लीमाईहैल्‍थ पर उपलब्‍ध सभी साम्रगी केवल पाठकों की जानकारी और ज्ञानवर्धन के लिए दी गई है। हमारा आपसे विनम्र निवेदन है कि किसी भी उपाय को आजमाने से पहले अपने चिकित्‍सक से अवश्‍य संपर्क करें। हमारा उद्देश्‍य आपको रोचक और ज्ञानवर्धक जानकारी मुहैया कराना मात्र है। आपका चिकित्‍सक आपकी सेहत के बारे में बेहतर जानता है और उसकी सलाह का कोई विकल्‍प नहीं है।

संबंधित जानकारी
  • सभी
  • लेख
  • स्लाइडशो
  • वीडियो
  • प्रश्नोत्तर