मुंह के अल्‍सर से बचना है तो चबायें तुलसी

By  , ओन्‍ली माई हैल्‍थ सम्पादकीय विभाग
Jul 14, 2017
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Quick Bites

  • मुंह के अल्‍सर के उपचार में मददगार है तुलसी।  
  • औषधीय गुणों से भरपूर होते हैं तुलसी के पत्‍ते।
  • एडॉप्‍टोजन के रूप में कार्य करते हैं तुलसी के पत्ते
  • तुलसी से स्‍लाइवा के पीएच स्‍तर में तत्‍काल वृद्धि होती है।

मुंह का अल्सर यानी मुंह के छालों को कंकर सोर्स के नाम से भी जाना जाता है। इसमें होठों, मसूढ़े और मुंह के किसी हिस्से में सफेद घाव या कभी-कभी मुंह से खून आने की समस्‍या हो सकती है। पोषण की कमी, तनाव और खाने-पीने में अनियमितता के कारण अल्‍सर की समस्‍या होती है। अगर आप भी मुंह के अल्‍सर से परेशान हैं, तो तुलसी के पत्ते इस समस्‍या को जल्‍द और प्रभावी रूप से दूर करने में आपकी मदद कर सकते हैं। इस लेख में विस्‍तार से जानिये किस तरह तुलसी अल्‍सर की समस्‍या को दूर करने में प्रभावी है।  

तुलसी की पत्तियां औषधीय गुणों से भरपूर होने के कारण अल्‍सर की समस्‍या से बचने में मदद करती हैं। कई अध्‍ययन भी इस बात का समर्थन करते हैं कि तुलसी के पत्ते मुंह के अल्‍सर और गैस्ट्रिक अल्सर का प्रभावी तरीके से इलाज करने में मदद करते हैं।

tulsi in hindi

मुंह अल्‍सर के कारण

हालांकि अभी तक मुंह के अल्‍सर के सही कारणों का पता नहीं चल पाया है, लेकिन कई कारक मुंह के अल्‍सर की समस्‍या का कारण बन सकते हैं। कुछ आम कारकों में तनाव, एसिडिक और मसालेदार आहार, आहार में पोषक तत्‍वों की कमी, मुंह के अंदर चोट, दांतों और मसूडों की ठीक से सफाई न करना या कठोर खाद्य पदार्थों को चबाना, अत्यधिक ब्रश करना और ब्रेसेज की सही प्रकार से फिटिंग आदि मुंह में अल्‍सर का कारण होता है।

मुंह अल्‍सर के लिए तुलसी

तुलसी एडॉप्‍टोजन (यह एक ऐसा पदार्थ है जो शरीर तनाव के बढ़ते स्तर को अनुकूल करने में मदद करता है) के रूप में कार्य कर अल्‍सर को दूर करने में मदद करती है। इसमें मौजूद उत्‍कृष्‍ट एंटी-बैक्‍टीरियल गुण तुलसी को एक ओरल कीटाणुनाशक बनाता है। तुलसी के पत्ते मुंह के बैक्‍टीरिया और कीटाणुओं को लगभग 99 प्रतिशत तक नष्‍ट कर अल्‍सर के लक्षणों को दूर करने में मदद करते है। साथ ही तुलसी सांसों की दुर्गंध, प्‍लॉक, टैटार को बनने और दांतों को कैविटी को भी रोकता है।

एक अध्‍ययन के अनुसार, तुलसी की पत्तियां चबाने के लगभग 30 मिनट के बाद ही स्‍लाइवा के पीएच में तत्‍काल वृद्धि देखने को मिलती है। इसके अलावा तुलसी के पत्ते स्‍लाइवा पीएच का पुनः निर्माण और संतुलन द्वारा, मुंह के अंदर अम्‍लीय वातावरण पर अंकुश लगाने में मदद करते हैं जिससे एसिड के कारण होने वाले नुकसान को कम किया जा सकता है।

mouth ulcer in hindi

कैसे करें इस्‍तेमाल  

तुलसी के 2-3 पत्‍तों को चबाने के बाद थोड़ा सा पानी पी लें। ऐसा एक दिन में कम से कम 3-4 बार करें। यह उपाय मुंह के अल्‍सर को तेजी से दूर करने में मदद करने के साथ इसे दोबारा होने से रोकने में भी आपकी मदद करेगा। साथ ही इसमें होने वाले दर्द को भी दूर करेगा।

सावधानी

यह सिर्फ अल्‍सर के लिए घरेलू उपाय है। अगर आपकी समस्‍या काफी दिनों तक लगातार बनी रहती है तो आपको अपने डॉक्‍टर से संपर्क करना चाहिए क्‍योंकि यह अन्‍य स्‍वास्‍थ्‍य समस्‍याओं जैसे विटामिन बी 12, विटामिन सी और आयरन की कमी का संकेत हो सकता है।



Image Courtesy : Getty Images

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