जानें क्या हैं पुरुषों में ऑस्‍टेपोरोसिस के कारण

By  , ओन्‍ली माई हैल्‍थ सम्पादकीय विभाग
Jan 09, 2014
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Quick Bites

  • असंतुलित जीवनशैली के कारण हो सकता है ऑस्‍टोपोरोसिस।
  • महिलाओं के मुकाबले कम होता है पुरुषों में इसका खतरा।
  • कुछ दवाओं के कारण भी ऑस्‍टोपोरोसिस का खतरा बढ़ता है।
  • पारिवारिक कारणों से भी बढ़ता है ऑस्‍टोपोरोसिस का खतरा।

पुरुषों में अस्थियां कमजोर होने की समस्‍या महिलाओं जितनी सामान्‍य तो नहीं होती, फिर भी ऐसा नहीं है कि वे इससे पूरी तरह अछूते हों। मेनोपॉज के बाद अक्‍सर महिलाओं की हड्डियों तेजी से कमजोर होने लगती हैं। जबकि पुरुषों को पचास की उम्र पार करने के बाद भी हड्डियां इतनी तेजी से कमजोर नहीं होतीं। हालांकि 65-70 की उम्र पार करने के बाद महिलाओं और पुरुषों में अस्थि क्षय समान रूप से होने लगता है। इसके साथ दोनों ही में कैल्शियम को अवशोषित करने की क्षमता समान रूप से कम हो जाती है। कैल्‍शियम हड्डियों के लिए आवश्‍यक पोषक तत्‍व माना जाता है। बॉन मॉस का लगातार कम होने से अस्थियां कमजोर हो जाती हैं और उनके फ्रेक्‍चर होने की खतरा भी काफी बढ़ जाता है।

 

Osteoporosis in Men in Hindi

 

आस्टिओपरोसिस के कारण

अनुवांशिक

अगर किसी के परिवार में आस्टिओपरोसिस का इतिहास है, तो सामान्‍य व्‍यक्ति की तुलना में उसे यह रोग होने का खतरा अधिक होता है। शोध यह भी साबित करते है कि कुछ क्षेत्र-विशेष के लोगों को यह रोग होने का खतरा अधिक होता है। भारोपीय और एशियाई क्षेत्र के लोगों में अफ्रीकन अमेरिकन और हिस्‍पेनिक लोगों के मुकाबले ऑस्‍टेपोरिसिस अधिक देखा गया है।

शरीर संबंधी तत्‍व

टेस्‍टोस्‍टेरॉन बॉडी मॉस की रक्षा करता है। पुरुषों में आस्टिओपरोसिस होने की बड़ी वजह टेस्‍टोस्‍टेरॉन के स्‍तर में कमी आना हो सकती है। हालांकि, अगर पहले किसी कारण से आपकी हड्डी टूट चुकी है, तो आपकी बॉन मिनरल डेंसिटी (अस्थि खनिज घनत्‍व) कम होगी और यह भी आगे चलकर आस्टिओपरोसिसका संभावित कारण बन सकती है।

 

Osteoporosis in Men in Hindi

 

जीवनशैली

आस्टिओपरोसिस का एक बड़ा कारण हमारी जीवनशैली भी हो सकती है। आप क्‍या खाते हैं, पीते हैं और कैसा जीवन जीते हैं, इन सब बातों का ऑस्‍टोपोर‍ोसिस के होने से सीधा संबंध होता है। अगर आपके आहार में पर्याप्‍त कैल्शियम, विटामिन डी और जरूरी पोष्‍ज्ञक तत्‍व जैसे फास्‍फोरस और मैग्‍नीशियम न हों, तो इससे आपकी हड्डियों को मिलने वाले पोषण में कमी आती है। इन पोषक तत्‍वों की कमी से आपकी अस्थियां कमजोर हो सकती हैं, क्‍योंकि उनकी सेहत के लिए ये सभी तत्‍व बेहद जरूरी होते हैं।

निष्‍क्रिय जीवनशैली भी ऑस्‍टोपोरोसिस का कारण बन सकती है। आपको रोजाना व्‍यायाम अथवा किसी प्रकार की शारीरिक गतिविधि जरूर करनी चाहिए। इसके साथ ही अगर आप वेट ट्रेनिंग एक्‍सरसाइज, जैसे वेट लिफ्टिंग, पुश-अप्‍स आदि, कर सकें तो आपके लिए अच्‍छा होगा। इसके साथ ही आपको दौड़, पैदल चलना और एरोबिक्‍स जैसी कसरत करनी चाहिए। इससे भी आपके बॉन मॉस में बढ़ोत्तरी होती है।

 

आहार

इसके साथ ही कुछ आहार आपकी हड्डियों पर बुरा असर पड़ता है। धूम्रपान और अल्‍कोहल का अधिक सेवन भी आपके शरीर और हड्डियों के लिए अच्‍छा नहीं। इससे आपका अस्थि घनत्‍व कम होता है और हड्डियां कमजोर हो जाती हैं। प्रोटीन का अत्‍यधिक सेवन और कैफीन का जरूरत से ज्‍यादा सेवन भी हड्डियों के लिए अच्‍छा नहीं होता। ये सब तत्‍व मिलकर भी ऑस्‍टोपोरोसिस की वजह बन सकते हैं।

कुछ दवायें खतरा बढ़ायें

कुछ दवायें भी आपकी हड्डियों को कमजोर बना सकती हैं। कुछ दवायें आपकी हड्डियों पर नकारात्‍मक असर डालने में महत्‍वपूर्ण भूमिका निभाती हैं। खासतौर पर अगर आप किसी गंभीर बीमारी के लिए लंबे समय से दवायें ले रहे हैं, तो इसका आपकी अस्थियों पर गहरा असर पड़ सकता है। रहेयूमेटायड अर्थराइटिस अथवा अस्‍थमा आदि के लिए ली जाने वाली दवायें अस्थियों को प्रभावित कर सकती हैं। इन दवाओं की उच्‍च मात्रा आपको नुकसान पहुंचा सकती हैं। इन दवाओं के दुष्‍प्रभावों के बारे में अपने डॉक्‍टर से जरूर बात करें।

कलाई और कूल्‍हों में खतरा ज्‍यादा

ऑस्‍टोपो‍रोसिस के कारण होने वाला फैक्‍चर आमतौर पर कूल्‍हों, रीढ़ और कलाई में होता है। इससे ये स्‍थायी रूप से अपनी जगह से हिल सकते हैं। कूल्‍हों में होने वाला फैक्‍चर ज्‍यादा खतरनाक होता है। कूल्‍हों का फ्रैक्‍चर पुरुषों की अपेक्षा महिलाओं में कम होता है। शायद यही कारण है कि इसकी जटिलताओं से पुरुषों की मौत होने की आशंका भी अधिक होती है।


ऑस्‍टोपोरोसिस एक ऐसी स्‍वास्‍थ्‍य समस्‍या है, जिसके बारे में अधिकतर लोग चालीस की उम्र तक पहुंचने से पहले कोई परवाह नहीं करते। अस्थियों के घनत्‍व खोने की गति 'मिडिल ऐज' में आकर ही तेज होती है। इसलिए लोग अक्‍सर इसे नजरअंदाज कर देते हैं। ऑस्‍टोपोर‍ोसिस आमतौर पर बुजुर्गों में अधिक होता है। लेकिन, आपको कम उम्र में उन बातों का खयाल रखना चाहिए जिनसे यह रोग होने का खतरा होता है। तभी आप अधिक उम्र में इस रोग से बचे रहेंगे।

 

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टिप्पणियाँ
  • Anakiya Kumar11 Mar 2015

    आपने अपने आर्टिकल के आखिर में बिल्कुल सही फरमाया हे कि ऑस्‍टोपोरोसिस एक ऐसी स्‍वास्‍थ्‍य समस्‍या है, जिसके बारे में अधिकतर लोग चालीस साल की आयु तक पहुंचने से पहले कोई परवाह नहीं करते। लेकिन इस लेख से इस रोग की गंभीरता का पता चलात है और ये भी पता चलता है कि इसके प्रति शुरुआत से ही सचेत रहना चाहिये।

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